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पूर्व विधायक ने इमरान खान की खोल दी पोल, पढ़ें-पांच खुलासे, अनुच्छेद 370 पर कही बड़ी बात

Wed, 11 Sep 2019 12:43 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, खन्ना (लुधियाना)

सार

  • भारत सरकार नागरिकता दी तो यहां से शुरू करेंगे राजनीतिक कैरियर।
  • पाकिस्तान में हिंदू हो या फिर सिख हर किसी पर हो रहा है जुल्म।
  • सिख करतारपुर जाकर मत्था टेके पर पाकिस्तान की बातों में ना आए।
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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
पाक प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी के पूर्व विधायक ने इन दिनों पंजाब के खन्ना में शरण ले रखी है। उन्होंने पाकिस्तान की हालात की पोल खोल दी। अल्पसंख्यकों के साथ हो रही वारदात की कहानी भी बयां की। दुनिया भर में कश्मीर का राग अलापने वाले पाक का कच्चा चिट्ठा बलदेव सिंह ने सिलसिलेबार खोला। यहां तक उन्होंने इमरान खान की सोच को भी उजागर कर दिया। आइए जानते हैं पूरा मामला...
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Baldev singh - फोटो : अमर उजाला
1-पाक को बर्बाद कियाः इमरान खान की पार्टी है पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ। इसी के पूर्व विधायक बलदेव सिंह हैं। वो इस समय पंजाब के खन्ना में अपने ससुराल में रुके हैं। उन्होंने मंगलवार को बताया कि प्रधानमंत्री इमरान खान सत्ता में आने से पहले एक 'नया पाकिस्तान' बनाने की बात कह रहे थे। लेकिन सत्ता संभालने के बाद उन्होंने पाकिस्तान को बर्बाद कर दिया है। 
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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
2- सुरक्षित नहीं हिंदू और सिखः पाकिस्तान में हिंदू या सिख कोई भी सुरक्षित नहीं है। कुछ समय पहले सिख परिवार की बेटी को जबरन उठाकर इस्लाम कबूल करवाने जैसे मामले सिंध प्रांत में तो सैकड़ों हैं। जो कि अभी तक सामने नहीं आ सके हैं। बलदेव कुमार 12 अगस्त से खन्ना में अपने ससुराल में हैं और केंद्र सरकार से भारत की नागरिकता देने की गुहार लगा रहे हैं। बलदेव कुमार की शादी 2007 में खन्ना निवासी भावना के साथ हुई थी। उस समय बलदेव सिंह एक पार्षद थे। उनके दो बच्चे 11 साल की रिया और 10 साल का सैम पाकिस्तानी नागरिक है। उनकी पत्नी भावना ने पाकिस्तान की नागरिकता नहीं ली है।

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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
3- जेल में भी डालाः बलदेव कुमार ने बताया कि वह मोना सिख है यानी सिख धर्म में श्रद्धा के चलते वह इस धर्म को मानते हैं। इसलिए उन्हें मोना सिख कहा जाता है। पाकिस्तान के बारीकोट स्वार में उनका पूरा परिवार रहता है, इसमें मौसी, चाचा, भाई और बहनें हैं। उनका मुख्य कारोबार कपड़े और इलेक्ट्रानिक्स की दुकानें है। यही से वह साल 2016 में विधायक बने लेकिन कुछ समय बाद उन्हें अपनी ही पार्टी के विधायक सूरण सिंह हत्या के मामले में जेल में डाल दिया गया।
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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
4- 36 घंटे के विधायकः विधानसभा का कार्यकाल खत्म होने के ठीक दो दिन पहले उन्हें हत्या के आरोप से बरी कर दिया गया। विधानसभा में शपथ लेकर 36 घंटे के लिए विधायक बने। उन्होंने कहा पाक में अल्पसंख्यकों ही हालत बहुत खराब है। सरकार उन पर इतने जुल्म कर रही है कि वह खौफ के चलते कुछ बोल भी नहीं सकते है। अब वह अपना सारा कारोबार छोड़ कर यहां रहना चाहते हैं। यही से पाकिस्तान में रहने वाले अल्पसंख्यकों की आवाज बनना चाहते हैं। इस फैसले से पाक सरकार वहां रहने वाले रिश्तेदारों को परेशान कर सकती है लेकिन उनकी रक्षा पंजा साहिब करेंगे। 
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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
5- मुस्लिम और सिख में प्यार सिर्फ दिखावाः बलदेव कुमार बताते हैं कि यहां के लोगों को बताया जाता है कि पाकिस्तान में मुस्लिम-सिखों से बहुत प्यार करते है। लेकिन यह सब कुछ दिखावा मात्र है। जिन मुस्लिमों पर गुरु साहिब ने विश्वास नहीं करने को कहा हो, उन पर हम कैसे विश्वास कर सकते है। हम तो वहां के भुक्तभोगी है, हमसे ज्यादा कौन बता सकता है। जो मुसलमान हमारे ग्रंथ साहिब के आगे मत्था तक नहीं टेकते, वह हमसे से क्या प्यार करेंगे। एक तरफ पाक करतारपुर रास्ता खोलने की बात करता है। दूसरी तरफ पाक असेंबली में एक सिख सदस्य पर सिर्फ बात करने पर जूता फेंका जाता है। मेरी भारत के सिख भाइयों से यही अपील है कि वह पाकिस्तान में जाकर धार्मिक स्थलों का दर्शन करें लेकिन वहां से लोगों की बातों में नहीं आए। 
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पूर्व विधायक बलदेव सिंह - फोटो : अमर उजाला
सरकार के खौफ से हो रहा है अनुच्छेद 370 का विरोध
जम्मू कश्मीर में मोदी सरकार के अनुच्छेद 370 हटाने के फैसले को बलदेव कुमार एक साहसिक कदम बताते हैं। उनके अनुसार पाकिस्तान में अब जो विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं, वह सिर्फ एक दिखावा है। पाक सरकार के जुल्म के आगे कोई बोल नहीं सकता है, क्योंकि उन्होंने वहां पर कारोबार भी चलाने है। इसलिए मजबूरी में वहां से लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
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