फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Women's Day: देश की पहली सिख बेटी अमेरिका की सेना में, हिम्मत देखेंगे तो गर्व करेंगे

Wed, 08 Mar 2017 09:21 AM IST
टीम डिजीटल/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
1 of 5
देश की पहली सिख बेटी अमेरिका की सेना में - फोटो : File Photo
महिला दिवस के मौके पर हम आपको देश की उस बहादुर बेटी के बारे में बताने जा रहे है, जिसने अमेरिका की सेना में शामिल होकर भारत का मान बढ़ाया है। देखिए
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 5
सिख बेटी रणबीर कौर
रणबीर कौर भारतीय मूल की पहली सिख युवती है, जो अमेरिकी सेना में शामिल हुईं। रणबीर कौर का जन्म पंजाब के जालंधर के गांव निज्जरन में हुआ। सात साल की आयु में 1990 में पिता महान सिंह को मिले ग्रीन कार्ड के बाद वह अमेरिका पहुंची। रणबीर कौर का बचपन कैलिफोर्निया के अर्लीमार्ट नामक शहर में गुजरा, जहां से उसने 2001 में डेलानो नामक निकटतम शहर में स्थित 9वीं कक्षा में हाई स्कूल में द‌ाखिला लिया।
 
विज्ञापन

3 of 5
सिख बेटी रणबीर कौर
रणबीर कौर ने अमेरिका में रंगभेद समेत कई बाधाओं का सामना किया। अमेरिका आर्मी में शामिल होने की कोशिशों को यूएस नागरिकता हासिल करने से भी जोड़ा गया और उसका माखौल उड़ाया गया, लेकिन रणबीर कौर ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने इन सब बाधाओं को पार करते हुए रणबीर ने 2003 में यूएस आर्मी को ज्वाइन किया। यहां उन्होंने कठिन आर्मी ट्रेनिंग हासिल की।

 

4 of 5
सिख बेटी रणबीर कौर
रणबीर कौर ने अमेरिका के न्यू ऑर्लियंस शहर में 2005 में आए भयावह कैटरीना(तूफान) में रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान उन्होंने बेहतरीन जांबांजी का परिचय देते हुए गुरुद्वारे के आसपास के कई नागरिकों की जान बचाई साथ ही तूफान में तबाह हुए गुरुद्वारे से उन्होंने धार्मिक गुरु ग्रंथ साहिब को सुरक्षित निकाला। पंजाब की इस शेरनी बेटी पर विख्यात भारतीय लेखक खुशवंत सिंह ने ब्लॉग 'मिस सिंह इन एक्शन' लिखा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
सिख बेटी रणबीर कौर - फोटो : File Photo
रणबीर कौर ने अमेरिकी सैन्य इतिहास के सबसे कठिन मिशन माने जाने वाले अफगानिस्तान और इराक में यूएस आर्मी भी ओर से भी हिस्सा लिया और कई बार अपनी जांबांजी का परिचय दिया। इराक मिशन के दौरान वे घायल भी हो गईं। घायल अवस्था में उन्हें अमेरिका वापस भेजा गया। ठीक होने के बाद रणबीर कौर इराक में वापस अपनी यूनिट को ज्वाइन किया और इराकी मिशन में बनीं रहीं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें