फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

विज्ञापन
1 of 7
पंजाब में मुक्तसर के पास हुए दर्दनाक सड़क हादसे में एक कार में बैठे दो परिवार पूरे खत्म हो गए। मरने वालों की संख्या 6 है, जबकि दो गंभीर घायल हैं। देखिए, हादसे की पहली तस्वीरें।
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

2 of 7
कार सवार सभी लोग पानीपत से श्री गंगानगर जा रहे थे। बताते हैं कि रथडिय़ा के पास अंधेरे में कोई पशु सामने आने के चलते कार पलट गई और यह हादसा हो गया। मृतकों के शवों का शुक्रवार को पोस्टमार्टम कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

3 of 7
प्राप्त जानकारी के अनुसार पानीपत के व्यापारी गौरव खुराना उर्फ रॉकी (34), पत्नी सिल्की खुराना (31), पुत्र यश खुराना (6) तथा बेटी गुनगुन खुराना (डेढ़ साल) समेत अपने सांढ़ू परिवार इंजीनियर कमलदीप चावला (32), उसकी पत्नी प्रीति चावला (30), पुत्र प्रत्यक्ष उर्फ प्रिंस (4) के अलावा गौरव की बुआ का बेटा अनमोल नारंग (23) सभी लोग श्री गंगानगर जा रहे थे।

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

4 of 7
रात करीब साढ़े ग्यारह बजे वह राष्ट्रीय राज्य मार्ग पर गांव रथडिय़ां के निकट पहुंचे थे कि अंधेरे में कोई पशु सामने आ गया। उसे बचाने के चक्कर में कार बेकाबू होकर कई पलटियां खाते हुए पेड़ से जा टकराई। इस हादसे में गौरव, सिल्की, गुनगुन, प्रीति, प्रत्यक्ष की मौके पर ही मौत हो गई।
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

5 of 7
हादसे की सूचना मिलने पर आस-पास के लोगों ने घायलों को सिविल अस्पताल दाखिल कराया। जहां से अनमोल को बठिंडा रेफर कर दिया गया। मगर वहां अनमोल ने भी दम तोड़ दिया। शुक्रवार की सुबह प्रशासन की ओर से तहसीलदार अशोक कुमार बांसल ने पहुंचकर मृतकों का पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के उपरांत शवों को रिश्तेदारों को सौंप दिया गया। पुलिस ने इस मामले में 174 के तहत कार्रवाई की है। -सभी फोटो: जगदीश जोशी, मुक्तसर
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

6 of 7
दर्दनाक हादसे में खुशहाल और भरे-पुरे परिवार ही उजड़ गए हैं। बच्चों की गर्मियों की छुट्टियां पड़ जाने के चलते गौरव खुराना तथा कमलदीप चावला दोनों अपने बीवी-बच्चों को मायके घर श्री गंगानगर छोडऩे जा रहे थे ताकि कुछ दिन छुट्टियों का समय वह लोग अपने माता-पिता के पास हंसी-खुशी बिता सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन

एक कार में बैठे दो परिवार एक हादसे में खत्म, तस्वीरें

7 of 7
हादसे में खुराना परिवार से सिर्फ छह वर्षीय बालक यश खुराना ही बच पाया है। उसके सिर से माता-पिता का हाथ सदा के लिए उठ ही गया, वहीं नन्हीं बहन भी मौत की आगोश में समा गई। दूसरी तरफ कमलदीप चावला की पत्नी के साथ-साथ चार वर्षीय मासूम प्रत्यक्ष काल के गाल में समा गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें