बॉलीवुड एक्ट्रेस सपना चौधरी के साथ वो साध्वी नजर आई, जो बंदूकों का शौक रखती है और जिसके कारनामे भी बेहद खतरनाक हैं। तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं, देखिए।
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सपना चौधरी
हम बात कर रहे हैं, साध्वी देवा ठाकुर की, जो देवा फाउंडेशन की चेयरपर्सन हैं। 27 साल की यह साध्वी हाल ही में सपना चौधरी के साथ नजर आईं और साध्वी ने उन्हें सम्मानित भी किया। सपना चौधरी ने ये तस्वीरें अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर की हैं।
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साध्वी देवा ठाकुर
साध्वी देवा ठाकुर करनाल में एक शादी समारोह में फायरिंग को लेकर चर्चा में आई थी। इस फायरिंग में छर्रे लगने से दूल्हे की मौसी की मौत हो गई थी, जबकि दस वर्षीय बच्ची सहित चार लोग घायल हो गए थे। फायरिंग के बाद वे फरार हो गई थीं, पर बाद में सरेंडर कर दिया था। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई, वे जेल में भी रहीं। कुछ समय पहले ही रिहा हुई हैं।
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Sadhvi Deva Thakur
साध्वी देवा ठाकुर हरियाणा के जींद की रहने वाली हैं। वे देवा फाउंडेशन की चेयरपर्सन भी हैं। उनका आश्रम करनाल में है। 26 साल की देवा अपने बयानों के कारण चर्चा में रहती हैं और अक्सर बंदूकों के साथ नजर आती हैं। हिंदुवादी साध्वी देवा ठाकुर अपने कारनामों के साथ साथ अपने विवादित बयानों के लिए काफी चर्चित रहती हैं। सोशल मीडिया पर भी देवा ठाकुर के नाम से कई प्रोफाइल सक्रिय हैं।
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साध्वी देवा ठाकुर
सोशल मीडिया पर जबरदस्त सक्रिय रहने वाली साध्वी देवा ठाकुर बचपन से माता बाला सुंदरी की भक्त हैं। बचपन से ही वह ज्योतिष का कार्य करती थी। करीब 16 साल पहले साध्वी ने भगवा चोला पहना और अपना डेरा स्थापित कर लिया। इसके बाद धीरे-धीरे डेरे के भक्त बढ़ने लगे। आसपास के क्षेत्र में डेरे का नाम हुआ तो बाद में अन्य राज्यों में भी साध्वी के कार्यक्रम होने लगे।
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साध्वी देवा ठाकुर
करनाल के गांव ब्रास में साध्वी पढ़ी लिखी हैं और बचपन से ही उनकी रुचि ज्योतिष और आध्यात्म में रही है। माता बाला सुंदरी की भक्त के नाम से ही बचपन से पूरा गांव उसे जानता था। गांव से अपनी पढ़ाई करने के बाद साध्वी ने अपना डेरा स्थापित कर लिया और डेरे का नाम माता बाला सुंदरी डेरा रखा। इसके बाद से ही यहां पर भक्तों की संख्या बढ़ने लगी।
करीब 6 साल पहले साध्वी ने देवा फाउंडेशन का गठन किया और खुद उसकी अध्यक्ष बन गई। उनके डेरे पर सत्ताधारी और विपक्ष के नेताओं समेत अधिकारी भी नतमस्तक होते रहे हैं। साध्वी खुद अपनी सुरक्षा के लिए पिस्टल रखती हैं और साथ ही पांच से छह हथियारबंद युवक उसकी सुरक्षा में रहते हैं। अच्छी पोशाक और हथियारों के शौक के कारण साध्वी का खासा नाम है।