वहशियों के हाथों नहीं मर सकतीं, सरकार सेफ्टी नहीं दे सकती तो इच्छामृत्यु की इजाजत दे दे। ये मांग करते हुए देश की एक बेटी ने राष्ट्रपति को पत्र लिखा है।
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भिवानी की मुस्कान वर्मा ने मांगी इच्छामृत्यु
और ये बेटी देश के उसी राज्य की है, जहां से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान की शुरुआत की थी। रोहतक में कुछ दिन पहले 'निर्भया' के साथ हुई दरिंदगी ने भिवानी की बेटी मुस्कान को इस हद तक हिलाकर रख दिया कि उसने यह कदम उठा लिया। मुस्कान ने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को पत्र लिख इच्छामृत्यु की अनुमति मांगी है।
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भिवानी की मुस्कान वर्मा ने मांगी इच्छामृत्यु
मुस्कान का कहना है कि सोनीपत से लड़की को अगवा करके रेप के बार दरिंदगी की गई और रोहतक में फेंक दिया गया। दिल्ली में भी ऐसा कांड हुआ था। गुड़गांव में भी नॉर्थ ईस्ट की महिला को उठाकर उसके साथ गैंगरेप किया गया। इससे पहले नेपाली युवती के साथ दरिंदगी हुई थी। इन सभी का नतीजा रहा कि रेवाड़ी में लड़कियों को अपनी सुरक्षा के लिए भूख हड़ताल करनी पड़ी।
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भिवानी की मुस्कान वर्मा ने मांगी इच्छामृत्यु
मुस्कान का कहना है कि अब मुझे भी अपनी सुरक्षा की चिंता सताने लगी है। घर से बाहर जाने में डर लगने लगा है कि पता नहीं कब किसकी नजर मुझ पर पड़ जाए और मैं उसकी वहशियत का शिकार हो जाऊं। वो मुझे जिंदा नहीं छोड़ेंगे और मौत भी ऐसी देंगे कि रूह कांप जाएगी। इस डर के मारे मुझे सुकून नहीं है। इसलिए मैं अपनी इच्छा से मरना चाहती हूं।
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भिवानी की मुस्कान वर्मा ने मांगी इच्छामृत्यु
मुस्कान ने अपने पत्र में लिखा है कि महामहिम राष्ट्रपति जी , मैं हरियाणा की उन तमाम बेटियों को तरफ से आपको लिख रही हूं , जो सोनीपत की बेटी के साथ हुए गैंगरेप व हत्याकांड के बाद बुरी तरह से सहमी व डरी हुई है। आज हमे घर से निकलते हुए भी डर लगता है। हाल ही में हुए कांड की कल्पना मात्र से ही मैं सिहर उठती हूँ। वर्तमान सरकार हमारी रक्षा में असमर्थ दिखाई दे रही है।
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भिवानी की मुस्कान वर्मा ने मांगी इच्छामृत्यु
मुस्कान ने लिखा है कि अगर प्रसाशन अपना काम ढंग से करता तो आज मेरी वो सैंकड़ो बहने दुनिया मे होती जो किसी न किसी वहसी की दरिंदगी की शिकार हुई है। मैंने भी सपने देखें है जिनको पूरा कर मैं भी कल्पना, साक्षी की तरह देश का नाम रोशन करना चाहती हूं। लेकिन मैं जानती हूं उसके लिए मुझे घर से बाहर निकलना पड़ेगा। मेरे पिता मेरे भाई हर समय मेरे साथ नही रह सकते।
मुस्कान ने लिखा कि मुझे डर लगता है, क्या पता किस मोड़ पर वो वहशी दरिंदे मिल जाएं। बहुत ज्यादा डरी हुई हूं। इसलिए अब जीना नही चाहती , मैं उन लोगो के हाथ नही लगना चाहती, जिनको आपका कानून सिर्फ कुछ दिन जेल में रखने के बाद छोड़ देता है। इसलिए मेरी आपसे विनती है कि रेप के सभी दोषियो को तुरंत फांसी की सजा दी जाए और अगर आप ये नही कर सकते तो मुझे आप इच्छामृत्यु की अनुमति दें।