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काम की खबर: जितना अच्छा होगा क्रेडिट स्कोर, उतना ही सस्ता होगा लोन

Tue, 21 Jul 2020 12:28 PM IST
‌डिंपल अलवधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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क्रेडिट रिपोर्ट - फोटो : pixabay
हम हमेशा सुनते हैं कि क्रेडिट स्कोर खराब होने पर बैंक या फिर कोई भी वित्तीय कंपनी ऋण नहीं देती है। खराब क्रेडिट स्कोर के चलते क्रेडिट कार्ड भी नहीं बनता है। लोन किसी इंसान की क्रेडिट काबिलियत के आधार पर मिलता है। क्रेडिट इनफॉर्मेशन ब्यूरो इंडिया लिमिटेड (सिबिल) आपको 300 से 900 अंकों के बीच एक स्कोर प्रदान करता है। ये इस आधार पर तय होता है कि आपका पहले का क्रेडिट कार्ड उपयोग कितना है, आप अपना बैंक खाता कैसे रखते हैं, कोई चेक तो बाउंस नहीं हुआ है, मौजूदा लोन, बिना इंश्योरेंस के मौजूदा लोन, लोन के रीपेमेंट और आपने कितनी बार लोन या क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन दिया है। 

आपका क्रेडिट स्कोर जितना अच्छा होगा, लोन उतना ही सस्ता होगा। वहीं अगर क्रेडिट स्कोर खराब हो, तो उसकी कीमत आपको ज्यादा ब्याज देकर चुकानी पड़ेगी। 
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क्रेडिट रिपोर्ट - फोटो : pixabay
क्या होता है क्रेडिट स्कोर ?
क्रेडिट स्कोर को आम बोलचाल की भाषा में सिबिल स्कोर भी कहा जाता है। भारत में इसे क्रेडिट इंफोर्मेशन ब्यूरो ऑफ इंडिया (सिबिल) ने सबसे पहले इसे जारी करना शुरू किया था। शुरुआत में इसको लेने के लिए पैसे खर्च करने पड़ते थे। लेकिन यह अब आपको हर महीने फ्री मिलता है। अब देश में चार कंपनियां हैं जो कि क्रेडिट स्कोर मुहैया कराती है। ये कंपनियां हैं क्रिफ हाई मार्क क्रेडिट सर्विस, इक्वीफैक्स क्रेडिट सर्विस, एक्सपेरियन क्रेडिट सर्विस और ट्रांस यूनियन सिबिल लिमिटेड। आप इन चारों कंपनियों से हर महीने फ्री में प्राप्त कर सकते हैं।

आगे जानते हैं स्कोर के हिसाब से ब्याज दर कैसे तय होती है?
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क्रेडिट स्कोर - फोटो : pixabay
ऐसे तय होती है स्कोर के हिसाब से ब्याज दर
क्रेडिट इंफोर्मेशन ब्यूरो ऑफ इंडिया (सिबिल) द्वारा दिए गए स्कोर के हिसाब से लोन की ईएमआई तय होगी। मान लीजिए आपने किसी बैंक में होम लोन के लिए अप्लाई किया हुआ है और बैंक की ब्याज दर 8.35 फीसदी है तो अगर आपका स्कोर 760 प्वाइंट्स से ऊपर है तो 8.35 फीसदी की ब्याज दर पर आपको होम लोन मिलेगा।

725 से 759 प्वाइंट्स होने पर 8.85 फीसदी और 724 से नीचे के प्वाइंट्स पर 9.35 फीसदी ब्याज दर के हिसाब से लोन देना होगा। अगर आप पहली बार लोन के लिए अप्लाई कर रहे हैं या किसी प्रकार का कोई क्रेडिट स्कोर नहीं है, तो बैंक आपसे 8.85 फीसदी की दर से ब्याज चार्ज करेगा।

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होम लोन पर आपके क्रेडिट रेटिंग का असर
 
बैंक लोन पर ब्याज दर EMI (प्रति लाख पर) कुल रकम में अंतर (रुपये में)
एसबीआई 7 - 7.10 फीसदी 775 - 781 1,443
बैंक ऑफ बड़ौदा 6.85 - 7.85 फीसदी 766 - 827 14,594
पीएनबी 7 - 7.25 फीसदी 775 - 790 3,618
आईसीआईसीआई 7.45 - 8.10 फीसदी 803 - 843 9,633

लोन की राशि - 30 लाख तर, अवधि - 20 साल

आगे जानते हैं आप कैसे अपना क्रेडिट स्कोर जान सकते हैं।

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क्रेडिट स्कोर - फोटो : pixabay
ऐसे जान सकते हैं अपना क्रेडिट स्कोर
आप अपना क्रेडिट स्कोर आसानी से जान सकते हैं। सिबिल की वेबसाइट पर आप आसानी से क्रेडिट स्कोर पता कर सकते हैं। इसके लिए www.cibil.com पर जाना होगा और ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा। साथ ही आपको 550 रुपये का भुगतान भी करना होगा। एक बार ऑथेंटिकेशन प्रोसेस होने के बाद आप सिबिल स्कोर और रिपोर्ट डाउनलोड कर सकते हैं।

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अगली स्लाइड में जानते हैं सिबिल स्कोर किस पर निर्भर करता है।
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क्रेडिट स्कोर - फोटो : pixabay
इन पर निर्भर करता है सिबिल स्कोर
  • 30 फीसदी सिबिल स्कोर इस बात पर निर्भर करता है कि आप वक्त पर कर्ज चुका रहे हैं या नहीं।
  • 25 फीसदी सिक्योर्ड या अनसिक्योर्ड लोन पर निर्भर करता है।
  • 25 फीसदी क्रेडिट एक्सपोजर पर निर्भर करता है।
  • 20 फीसदी कर्ज के इस्तेमाल पर निर्भर करता है।
अगली स्लाइड में जानते हैं आप अपना सिबिल स्कोर कैसे सुधार सकते हैं।
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लोन - फोटो : pixabay
कैसे सुधारें अपना सिबिल स्कोर
  • सिबिल रिपोर्ट सुधारने के लिए समय पर अपने बिलों का भुगतान करें।
  • लगातार 6 महीने तक वक्त पर कर्ज चुकाते हैं तो सिबिल रिपोर्ट में सुधार देखने को मिल सकता है। 
  • क्रेडिट कार्ड की क्रेडिट लिमिट और बकाया रकम को कम रखना चाहिए और ज्यादा लोन न लें।
  • होम लोन, ऑटो लोन जैसे सुरक्षित लोन को ज्यादा अहमियत दें और असुरक्षित कर्ज लेने से बचें।
  • नियमित रूप से अपने संयुक्त बैंक खातों, सिबिल स्कोर की समीक्षा करते रहें।
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