देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों ने आसमान छू लिया है। राजस्थान के श्री गंगानगर में पेट्रोल 106 रुपये और मुंबई में यह 102 रुपये के पार हो गया है। कोरोना काल में पेट्रोल की कीमतों ने लोगों को हलकान किया हुआ है। देश में पेट्रोल और डीजल का इस्तेमाल जितना ज्यादा होता है, उसकी कीमत भी उतनी ही ज्यादा है। बीते कुछ सालों में इसमें बेतहाशा वृद्धि हुई है। अगर किसी दिन यह सस्ता हुआ भी है, तो भी लोगों की जेब पर इसका ज्यादा असर नहीं पड़ा। आम लोग और विपक्ष इसका विरोध कर रहे हैं। लगातार ईंधन की कीमतें बढ़ने से ट्रांसपोर्टेशन खर्च भी बढ़ रहा है, इसका असर सब्जियों के दाम समेत कई और चीजों पर भी पड़ रहा है।
आइए जानते हैं पिछले सात सालों में पेट्रोल और डीजल कितना महंगा हुआ है, एक्साइज डयूटी से केंद्र को कितनी कमाई हुई, VAT/सेल्स टैक्स से राज्य सरकारों ने कितना कमाया और देश की शीर्ष तीन सरकारी तेल कंपनियों को कितना मुनाफा हुआ?