फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

काम की बात: हेल्थ इंश्योरेंस में नहीं मिलता है 100 फीसदी क्लेम, जान लीजिए इससे जुड़े नियम

Wed, 06 Oct 2021 09:31 AM IST
सोनू शर्मा बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 4
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
आज के समय में हेल्थ इंश्योरेंस लेना बहुत जरूरी है। इसका सबसे बड़ा फायदा तो ये होगा कि इमरजेंसी यानी आपातकालीन स्थिति में उचित मेडिकल सुविधा मिलेगी और इसके लिए आपको जो अस्पताल का मोटा बिल होता है, वो नहीं चुकाना पड़ेगा। इसलिए इंश्योरेंस सेक्टर के जानकार सभी लोगों को मेडिकल इंश्योरेंस खरीदने की सलाह जरूर देते हैं, ताकि वह आपकी मुसीबत में आपके काम आए। अक्सर ऐसा देखा जाता है कि अचानक कोई बीमारी हो जाने पर लोगों को सोचना पड़ता है कि इलाज के खर्च के लिए पैसा कहां से लाएं। इसमें लोगों की जिंदगीभर की जमा-पूंजी तक खत्म हो जाती है। लेकिन अगर आपने हेल्थ इंश्योरेंस लिया है तो आपको जरा भी सोचना नहीं पड़ेगा। हालांकि कई बार ऐसा होता है कि जब इंश्योरेंस का क्लेम किया जाता है तो पॉलिसीधारक को 100 फीसदी क्लेम नहीं मिलता। अब इसका क्या कारण होता है, आइए जान लेते हैं इसके बारे में... 
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 4
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
दरअसल, जब आप हेल्थ इंश्योरेंस खरीदते हैं, तो उसमें आपको अलग-अलग जरूरतों के लिए होने वाले खर्च की पूरी जानकारी दी हुई होती है, जिसे ध्यान से पढ़ना होता है। अगर आपके मेडिकल बिल में किसी ऐसे खर्च को शामिल किया गया है, जिसकी जानकारी पॉलिसी डॉक्युमेंट में नहीं है, तो ऐसी स्थिति में इंश्योरेंस कंपनियां उस खर्च पर क्लेम देने से इनकार कर देती हैं। 
विज्ञापन

3 of 4
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
हेल्थ इंश्योरेंस में गैर-मेडिकल खर्च को शामिल नहीं किया जाता है, जैसे अस्पताल का रजिस्ट्रेशन चार्ज, एडमिनिस्ट्रेटिव चार्ज, मरीज के अलावा अटेंडेंट द्वारा खाए गए खाने का बिल आदि। इस तरह के खर्च को आपको खुद ही वहन करना पड़ता है। 
विज्ञापन

4 of 4
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
कई बार ऐसा होता है कि मरीज जिस बीमारी के लिए अस्पताल में भर्ती होता है, उससे संबंधित जांच तो करवाता ही है, साथ ही कुछ गैर-जरूरी टेस्ट भी करवा लेते हैं, जो उस बीमारी से संबंधित नहीं होते हैं। ऐसे में पॉलिसीधारक को गैर-जरूरी जांच पर इंश्योरेंस क्लेम नहीं मिल पाता है। अगर आप बेवजह के जांच करवाएंगे, तो आपको उसका खर्च अपनी जेब से उठाना पड़ेगा।  
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें