Vijendra Leela
घटना के 19 महीने बाद, 27 जनवरी 2015 को उन्हें किसी ने बताया कि हमारे गांव में एक महिला जोकि मानसिक रूप से अस्थिर मालूम पड़ती है। उसकी शकल लीला से काफी मिलती है। विजेंद्र बदहवासी में अपनी लीला को तलाशने के लिए पहुंचे और उन्हें देखते ही उनकी आंखों से आंसुओं की धारा बह निकली। लेकिन...