होली के दिन दामाद को गधे पर बैठाकर घुमाते हैं लोग
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जानिए क्यों शुरू हुई परंपरा
कहा जाता है कि लगभग 80 साल पहले बीड जिले के विडा येवता गांव में एक देशमुख परिवार था। इस परिवार के दामाद ने होली के दिन रंग लगवाने से मना कर दिया। इसके बाद उसके ससुर ने उसको रंग लगाने के लिए मनाया। इसके बाद उन्होंने फूलों से सजा एक गधा मंगवाया और उस पर दामाद को बैठाकर पूरे गांव में घूमाया। तब से ही यह परंपरा चली आ रही है।