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चीन की जासूस रोबोटोकि मछली, समंदर में चुपचाप करेगी निगरानी, खासियत जानकर हो जाएंगे हैरान

Wed, 16 Sep 2026 06:09 PM IST
धर्मेंद्र कुमार सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला

सार

चीन ने एक रोबोटिक मछली बनाई है, जिसका इस्तेमाल समुद्र में निगरानी के लिए किया जा सकेगा।  3.8 किलोग्राम की यह मछली एक बार चार्ज करने पर पानी में 12 घंटे तक तैर सकती है।
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चीन की जासूस रोबोटोकि मछली, समंदर में चुपचाप करेगी निगरानी - फोटो : AI
चीन ने मछली की तरह दिखने वाला रोबोट बनाया है। यह पानी के भीतर अपने आप तैर सकता है। यह ड्रैगन के बायोमिमेटक रोबोटिक सिस्टम के बढ़ते विकास को दर्शाता है। इनका इस्तेमाल पानी के नीचे निगरानी के लिए किया जा सकता है। यह रोबोट देखने में बिल्कुल असली मछली की तरह है, जिसका नाम फुलडेप्थ है। कंपनी ने इस मछली रोबोट को अंडरवॉटर दूर से संचालित वाहन बताया है।

देखने में यह रोबोटिक मछली असल में जिंदा अरोवाना यानी ड्रैगन फिश की तरह लगती है। दरअसल, अरोवाना एक महंगी और एक्वेरियम में रखने व काफी देखभाल करने वाली मछली होती है। इस रोबोटिक मछली की लंबाई 69 सेंटीमीटर और ऊंचाई 20 सेंटीमीटर है। इसका वजन 3.8 किलोग्राम है।

रोबोटिक मछली का पूरा शरीर मुलायम और लचीला है। इस मछली को सिलिकॉन से तैयार किया गया है। इसमें इंटीग्रटेड मोल्डिंग और मैटेलिक कोटिंग की गई है। इससी मदद से असली अरोवाना की तरह चमकदार स्केल्स बनाई गई है। कंपनी ने इसे सुनहरा और लाल रंग में पेश किया है। 

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मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि रोबोटिक मछली के रंग को कस्टमाइज भी किया जा सकता है। कंपनी का कहना है कि जब असली मछलियों के बीच में रोबोटिक मछली तैरती है, तो रोबोटिक मछली को पहचानना कठिन हो जाता है। 



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कंपनी ने रोबोटिक मछली में प्रोपेलर की जगह पर बायोनिक सॉफ्ट बॉडी प्रोपल्शन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया है, जिसके बदौलत यह तैयरे हुए चल सकती है। यह पानी के भीतर 1.9 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तैर सकती है। एक बार चार्ज करने पर 12 घंटे तक तैर सकती है। इसमें लीथियम बैटरी का इस्तेमाल किया गया है, जो एक बार चार्ज करने के बाद करीब 10-12 घंटे तक तैर सकती है। इसमें वायरलेस इंडक्टिव चार्जिंग प्लेटफॉर्म भी।

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मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी ने रोबोटिक मछली में फिश न्यूरो-ड्राइव मॉडल नाम का सिस्टम इस्तेमाल किया है। इसमें AI एल्गोरिदम और हाई-प्रिसिजन एटीट्यूड एवं सेंसर कंट्रोल का इस्तेमाल है। यह सामान्य तरीके से पानी में तैर सकती है। 
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