रेलवे ट्रैक पर इकट्ठा हुए ग्रामीण
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मुखिया को दो लोग घर बुलाने आए थे
घटना के बारे में बताया जा रहा है कि सुबह 10 बजे मुखिया दिलीप कुमार को बुलाने दो लोग आए। खाना खाने के बाद वह उनके साथ अपनी बाइक से निकल गए। इसी बीच तिलकोड़ा-सखुआ पुल के बीच नहर पर बेखौफ अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिसमें दिलीप कुमार की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। गोली की आवाज सुन जब ग्रामीण घटनास्थल की तरफ दौड़े, तब बाइक सवार दो अपराधी हथियार लहराते भागते दिखे। मुखिया की मौत के बाद उनके परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया है।
2021 में हुए निकाय चुनाव में मिली थी सफलता
दिलीप कुमार (मृतक मुखिया) 2021 के निकाय चुनाव में जीत हासिल कर मुखिया बने थे। वह अपने पीछे अपनी पत्नी और दो बच्चे छोड़ गए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि दिलीप काफी मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे। लोगों से उनकी काफी अच्छी बनती थी। वहीं, उन्होंने अपने अब तक के कार्यकाल में पंचायत को विकास की ओर ले जाने में भरपूर कोशिश की और पंचायत में काफी विकास किया।