मिलिए एक ऐसे शख्स से, जो बोल नहीं सकते, चपरासी की नौकरी करते हैं, लेकिन क्रिकेट में 'सचिन तेंदुलकर' से कम नहीं।। ये हैं पंचकूला नगर निगम में बतौर चपरासी काम कर रहे विनय सिंघल।
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पंचकूला का क्रिकेटर विनय सिंघल
- फोटो : अमर उजाला
अपने हौंसले की बदौलत प्रदेश में क्रिकेट जगत में पंचकूला के विवेक सिंगला का नाम चर्चित है। लेकिन उन्हें कभी प्रदेश सरकार और प्रशासन की ओर से सराहना नहीं मिली। सिर्फ आश्वासन ही मिले। अब तक विनय नेशनल और नॉर्थ इंडिया क्रिकेट चैंपियनशिप में 77 बार मैन ऑफ मैच और मैन ऑफ द सीरीज का खिताब जीत चुके हैं। इतना ही नहीं डेफ इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल की ओर से लखनऊ में आयोजित सेकेंड वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ 120 रनों की शानदार पारी खेलकर भारत को खिताब भी दिला चुके हैं।
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पंचकूला का क्रिकेटर विनय सिंघल
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अब तक विनय स्टेट, नेशनल और इंटरनेशनल मैचों में तीन हजार से अधिक रन बना चुके हैं। विनय लिखकर बताते हैं कि सरकार की ओर से प्रदेश में खेल को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसके बावजूद दिव्यांग श्रेणी के खिलाड़ियों को सम्मान नहीं मिल पा रहा है। वह बोल सुन नहीं सकते, इसमें उनका क्या कसूर है। वह इशारों में बताते हैं कि दिव्यांग खिलाड़ियों के पास प्रतिभा तो है, लेकिन उन्हें खेल की सुविधाएं नहीं मिल रही। 25 अप्रैल से एक मई तक हैदराबाद में आयोजित राष्ट्रीय टी-ट्वेंटी क्रिकेट चैंपियनशिप में विनय ने मैन ऑफ द मैच का खिताब हासिल किया है।
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पंचकूला का क्रिकेटर विनय सिंघल
- फोटो : अमर उजाला
इस मैच में उनकी हरियाणा की टीम ने ओवर ऑल चैंपियनशिप के खिताब पर कब्जा किया। ऑल इंडिया क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ डेफ की ओर से विनय ने इस चैंपियनशिप में हिस्सा लिया था। विनय पंचकूला नगर निगम में सेवादार के पद पर तैनात हैं। हैदराबाद में नेशनल क्रिकेट चैंपियनशिप में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर विनय का असम में इस वर्ष अक्टूबर-नवंबर में होने वाले त्रिकोणीय क्रिकेट श्रृंखला के लिए चयन हुआ है। इस श्रृंखला में भारत की तरफ से विनय नेपाल और बांग्लादेश के खिलाफ खेलेंगे। विनय की रणजी में भी खेलने की इच्छा है।
तीन बार इंटरनेशनल ट्रीप डेफ इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल की ओर से पंचकूला के विनय तीन बार इंटरनेशनल मैच में देश का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। पहला मैच पाकिस्तान में 2005 खेलने गए थे। उस समय इंडिया टीम की तरफ से विनय ओपनर बैट्समैन थे। इसमें उन्होंने 55 रनों की शानदार पारी खेली थी। इसके बाद नवंबर 2005 में लखनऊ में आयोजित सेकेंड वर्ल्ड कप में 120 रन बनाए थे। इस मैच में भारत चैंपियन बना था। इसके बाद मुंबई में अप्रैल 2007 में एशिया कप खेला था। इस एशिया कप में विनय ने सेमीफाइनल में श्रीलंका के खिलाफ 51 रनों की शानदार पारी खेलकर भारत को फाइनल में पहुंचाया था।