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Non-EV Cars: ईयू की 2035 समय-सीमा अब अनिश्चित, ऑटो कंपनियां फिर से दहन इंजन वाले वाहनों की बना रही हैं योजना

Thu, 11 Dec 2025 05:32 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

कई यूरोपीय ऑटोमोबाइल कंपनियां और उनके सप्लायर इस उम्मीद में कम्बशन इंजन वाली कारों को नई जिंदगी देने की तैयारी कर रहे हैं कि यूरोपियन यूनियन इस टेक्नोलॉजी पर लगाए जाने वाले अपने प्लान किए गए बैन को वापस ले लेगा।
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BMW 3 Series - फोटो : BMW
यूरोपीय संघ (ईयू) द्वारा 2035 से नए दहन इंजन वाहनों पर प्रस्तावित प्रतिबंध अब पहले जितना निर्णायक नहीं दिख रहा है। इसी आशंका के बीच यूरोप की कई ऑटो कंपनियां और उनके आपूर्तिकर्ता फिर से ऐसे वाहनों की दीर्घकालिक योजना पर काम शुरू कर रहे हैं, जो इलेक्ट्रिक नहीं बल्कि पारंपरिक इंजन का इस्तेमाल करेंगे।

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Mercedes-AMG GT 63 - फोटो : Mercedes-Benz
निर्माता आपूर्तिकर्ताओं से कह रहे हैं- "नॉन-ईवी मॉडल तैयार रखें"
उद्योग से जुड़े सूत्रों के अनुसार, कई पार्ट्स निर्माताओं को वाहन कंपनियों से यह संकेत मिल रहे हैं कि उन्हें 2035 के बाद भी यूरोपीय बाजार के लिए गैर-ईवी मॉडलों की आपूर्ति के लिए तैयार रहना चाहिए। क्योंकि वाहन निर्माण की योजनाएं कई वर्षों पहले बनाई जाती हैं और स्वच्छ तकनीकों की ओर संक्रमण में अरबों यूरो का निवेश शामिल होता है। इसलिए यह संभावित बदलाव काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

मर्सिडीज-बेंज, स्टेलैंटिस और बीएमडब्ल्यू जैसी कंपनियां अभी से इस संभावना के लिए रणनीति बना रही हैं कि उनके दहन इंजन वाले वाहन 2035 के बाद भी बाजार में उपलब्ध रहेंगे। हालांकि यह चर्चाएं अभी प्रारंभिक स्तर पर हैं और ईयू के अंतिम नियमों के आधार पर इनमें बदलाव संभव है।

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Ram 2500 Pickup Truck - फोटो : Ram Trucks
"2035 तक केवल BEVs अपनाने के लिए लोग तैयार नहीं"
यूरोपीय सप्लायर एसोसिएशन CLEPA के सेक्रेटरी जनरल बेनजामिन क्रिगर ने कहा कि कई कार निर्माता स्पष्ट संकेत दे रहे हैं कि 2035 के बाद भी कुछ रूप में दहन इंजन, जैसे प्लग-इन हाइब्रिड या रेंज-एक्सटेंडर की आवश्यकता होगी।
उनके अनुसार, "लोग अभी केवल बैटरी-इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने के लिए तैयार नहीं हैं।"

मर्सिडीज ने बयान जारी कर कहा कि कंपनी यूरोप में 2030 के दशक के अंत तक "ग्राहकों की मांग के अनुरूप, चाहे ऑल-इलेक्ट्रिक ड्राइव हो या इलेक्ट्रिफाइड दहन इंजन, दोनों विकल्प" उपलब्ध कराने की तैयारी कर रही है। स्टेलैंटिस और बीएमडब्ल्यू ने इस पर टिप्पणी करने से इनकार किया।

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2025 BYD Atto 3 - फोटो : BYD
चीनी प्रतिस्पर्धा से यूरोपीय उद्योग दबाव में
ईवी की असमान गति से हो रही वृद्धि और BYD (बीवाईडी) जैसी चीनी कंपनियों से बढ़ती प्रतिस्पर्धा ने यूरोपीय निर्माताओं को अतिरिक्त क्षमता की समस्या से जूझने पर मजबूर कर दिया है। इस स्थिति में जर्मनी और फ्रांस जैसी सरकारें तथा उद्योग समूह ईयू के 2035 प्रतिबंध की समीक्षा की मांग कर रहे हैं। 

ईवी अपनाने की धीमी रफ्तार को देखते हुए समीक्षा प्रक्रिया 2026 से पहले ही शुरू कर दी गई है। और इस महीने इसके जारी होने की उम्मीद है।

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Maserati Grecale SUV - फोटो : Maserati
स्टेलैंटिस के सीईओ एंटोनियो फिलोसा ने हाल ही में कहा कि यह बदलाव यूरोपीय नियमों को "दोबारा सोचने" का अवसर देता है। ताकि रोजगार, पर्यावरण और वहनीयता तीनों का संतुलन बनाए रखा जा सके। कई उद्योग नेता 2035 के बाद भी हाइब्रिड वाहनों की बिक्री की अनुमति देने की मांग कर रहे हैं।

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Porsche 718 Boxster - फोटो : Porsche
क्यों जरूरी है इंजन आधारित मॉडलों की योजना
दहन इंजन, हाइब्रिड और BEV (बीईवी) तीनों तकनीकों में अलग-अलग सप्लाई चेन और पुर्जों की आवश्यकता होती है। यदि कंपनियां कई तकनीकी विकल्प देकर बाजार में प्रतिस्पर्धी बने रहना चाहती हैं, तो उन्हें सभी सप्लाई चेन मजबूत बनाए रखनी होंगी।

वोल्वो और पोर्शे जैसी कंपनियां भी अपनी पूरी-ईवी रणनीति से पीछे हटते हुए अब फिर से दहन इंजन और हाइब्रिड मॉडलों का विस्तार कर रही हैं। 

बढ़ती लागत और कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच यूरोपीय वाहन उद्योग अपनी क्षमता कम कर रहा है और कर्मचारियों की छंटनी कर रहा है। ताकि बाजार की नई वास्तविकताओं के अनुरूप खुद को ढाल सके। 

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