Ethanol blending with Petrol
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फ्यूल इफिशिएंसी पर असर
पीटीआई ने बताया है कि उसने वाहनों पर ई20 ईंधन के प्रभाव को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही बहस के बीच कुछ प्रमुख वाहन निर्माताओं के साथ काम कर रहे कुछ ऑटोमोटिव इंजीनियरों से बात की। उन्होंने कथित तौर पर कहा कि पुराने वाहनों में, जो ई20 मानकों के अनुरूप नहीं हैं, लंबे समय में गैसकेट, ईंधन रबर होज और पाइप खराब हो सकते हैं। हालांकि, ये समस्याएं तुरंत नहीं होंगी।
एक विशेषज्ञ ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, "वाहन के प्रकार के आधार पर फ्यूल एफिशिएंसी यानी माइलेज में दो से पांच प्रतिशत तक की गिरावट आ सकती है। यह असर गाड़ी के मॉडल और टाइप पर निर्भर करेगा। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि इथेनॉल की कैलोरिफिक वैल्यू पेट्रोल से कम होती है, यानी यह उतनी ऊर्जा नहीं देता जितना पेट्रोल देता है।"
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