फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अब तक जारी हुए 1.10 करोड़ फास्टैग, राष्ट्रीय राजमार्गों पर ईटीसी से वसूला जा रहा टोल टैक्स

Tue, 24 Dec 2019 05:29 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 6
FasTag - फोटो : फाइल फोटो
देशभर के राष्ट्रीय राजमार्गों (एनएच) पर इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ईटीसी) लागू होने का असर है कि अब तक 1.10 करोड़ FASTag (फास्टैग) जारी किए जा चुके हैं। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने बिना रुकावट के यातायात संचालन के लिए 15 दिसंबर से देश भर में अपने 523 टोल प्लाजा पर RFID (रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन), आरएफआईडी आधारित फास्टैग के जरिए इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन शुरू किया। 

फास्टैग एक प्रीपेड टैग है, जो वाहन की विंडस्क्रीन पर चिपका होता है। इससे टोल टैक्स खुद-ब-खुद कट जाता है और गाड़ी को टोल प्लाजा पर नकद लेनदेन के लिए नहीं रोका जाता है।

एनएचएआई के एक अधिकारी ने पीटीआई से कहा, "लगभग 1.10 करोड़ फास्टैग PoS (बिक्री के कई बिंदुओं) के माध्यम से जारी किए गए हैं। राजमार्ग प्राधिकरण की जानकारी के मुताबिक रोजाना लगभग 1.5 से 2 लाख फास्टैग की बिक्री हो रही है, जिससे साफ पता चलता है कि इस डिजिटल प्रणाली को बढ़िया तरीके से अपनाया जा रहा है।" 

अधिकारी ने बताया कि इसका नतीजा है कि रोजाना इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन ने लगभग 46 करोड़ रुपये का आंकड़ा छू लिया है। 

राष्ट्रीय राजमार्गों पर वाहनों पर टोल नाके पर लगने वाली लंबी कतारों से छुटकारा दिलाने के लिए फास्टैग सिस्टम लागू किया गया है। फिलहाल टोल प्लाजा पर 100 फीसदी के बजाय 75 फीसदी टोल लेन पर ही ईटीसी के जरिये फास्टैग से शुल्क काटा जाएगा। बाकी 25 फीसदी लेन पर वाहन मैनुअल तरीके से टोल चुकाकर यात्रा कर पाएंगे। इससे पहले टोल नाके पर सिर्फ एक नगदी लेन रखने और उससे गुजरने पर दोगुनी टैक्स वसूलने की बात थी। हालांकि बिना टैग वाली गाड़ी अगर फास्टैग लेन में आती है तो उन्हें दोगुना भुगतान करना पड़ेगा। 

अब तक नहीं खरीदा तो ऐसे खरीदें फास्टैग :
विज्ञापन

2 of 6
Fastag Banks - फोटो : For Refernce Only

फास्टैग कैसे खरीदें 

फास्टैग को 22 अधिकृत बैंकों से प्वाइंट ऑफ सेल (पीओएस) जैसे विभिन्न चैनलों से ऑफलाइन खरीदा जा सकता है। ऐक्टिवेशन के वक्त बैंक की केवाईसी (नो योर कस्टमर) पॉलिसी के तहत आपको KYC डॉक्युमेंट्स जमा कराना होगा। केवाईसी डॉक्युमेंटेशन के अलावा, बैंक को फास्टैग के ऐप्लिकेशन के साथ-साथ गाड़ी का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) भी देना होगा। 

फास्टैग की बिक्री राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल प्लाजा और चुनिंदा बैंक शाखाओं में हो रही है। साथ ही इसकी बिक्री अमेजन जैसे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर भी हो रही है। 
विज्ञापन

3 of 6
fastag

फास्टैग की कीमत 

बहुत आम सवाल है कि फास्टैग को खरीदने के लिए कितने रुपये खर्च करने पड़ेंगे। अधिकृत बैंक फास्टैग जारी करने के लिए अधिकतम 100 रुपये चार्ज कर सकते हैं। इसे नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) ने तय किया है। 

बैंक, फास्टैग के क्रेता से पहली बार खरीदे जाते वक्त सुरक्षा निधि व अन्य शुल्क लेने के साथ कुछ बैलेंस अमाउंट खाते में बनाए रखने योग्य राशि लेते हैं। हालांकि, टैग जारी करने के असल चार्ज बैंक तय करते हैं। यह अलग-अलग बैंकों के लिए अलग-अलग है। 

इसके साथ ही फास्टैग के टॉप-अप चार्ज भी अलग-अलग बैंकों में अलग हो सकते हैं। इस अंतर के बारे में बैंकों की वेबसाइट या फिर संबंधित बैंक की किसी शाखा में जाकर जानकारी ली जा सकती है।

4 of 6

पेटीएम से भी खरीद सकते हैं फास्टैग 

पेटीएम फास्टैग रियूजेबल टैग है। यह भी आरएफआईडी तकनीक पर ही काम करता है। फास्टैग को आपके पेटीएम पेमेंट्स बैंक अकाउंट और पेटीएम वॉलेट से जोड़ा जा सकता है। इसलिए आपके पेटीएम वॉलेट में पर्याप्त पैसा होना जरूरी है, इस बात को पहले से ही सुनिश्चित कर लें। 
विज्ञापन

5 of 6
Fastag RFID CHIP - फोटो : AmarUjala

एचडीएफसी बैंक से खरीद सकते हैं फास्टैग 

एचडीएफसी बैंक रिलोडेबल/रिचार्जेबल फास्टैग जारी करता है। इनसे आप पूरे देश में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने 420 से ज्यादा टोल प्लाजा पर शुल्क का भुगतान कर सकते हैं। इसके लिए आप बैंक के आधिकारिक एजेंट के कार्यालय अथवा टोल प्लाजा पर प्वाइंट-ऑफ-सेल से फास्टैग खाता सक्रिय करा सकते हैं। आपको बस अपने केवाईसी कराने के लिए अपनी पहचान से जुड़े समस्त मूल दस्तावेज और उनकी फोटो कॉपी लेकर जाना होगा। एचडीएफसी बैंक के फास्टैग की वैधता पांच वर्ष होती है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
फास्टैग - फोटो : अमर उजाला

फास्टैग को ऐसे रिचार्ज करें

यदि आपका फास्टैग आपके बैंक खाते से लिंक है तो आपको प्रीपेड वॉलेट में अलग से रुपये या बैलेंस रखने की जरूरत नहीं पड़ेगी। हालांकि आपको लिंक कराए गए अपने बैंक खाते में बैलेंस या पर्याप्य राशि बनाए रखनी होगी। इसलिए घर से निकलते वक्त ही इस बात पर गौर कर लें, ताकि टोल प्लाजा पर भुगतान आसानी से हो जाए।

यदि आपने फास्टैग को प्रीपेड वॉलेज से लिंक कराया है तो क्रेडिट कार्ड/डेबिट कार्ड/एनईएफटी/आरटीजीएस या नेट-बैंकिंग, चेक या अन्य ऑनलाइन माध्यम इनमें से किसी का भी इस्तेमाल आप रिचार्ज करने के लिए कर सकते हैं। इस तरह के अन्य माध्यमों से रिचार्ज करने के लिए आपको मामूली सा अतिरिक्त शुल्क अवश्य चुकाना होगा।

केवाईसी करा चुके वाहन चालक या फास्टैग के क्रेता इसमें एक लाख रुपये तक का रिचार्ज करा सकते हैं। वहीं लिमिटेड केवाईसी वाले क्रेता अपने फास्टैग प्रीपेड वॉलेट में बीस हजार रुपये से ज्यादा की राशि नहीं रख सकते हैं। सिर्फ यही नहीं हर महीने इसमें राशि डालने की सीमा भी बीस हजार रुपये ही है।

 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें