Shani Dev Puja Vidhi: शास्त्रों में शनिदेव की पूजा करने और उनकी कृपा पाने के लिए शनिवार के दिन का विशेष महत्व होता है। मान्यता है कि शनिवार के दिन शनिदेव की पूजा करने से शनि की अशुभ छाया से मुक्ति मिलती है। ज्योतिष में शनिदेव को न्याय का कारक ग्रह कहा गया है। इन्हें सभी ग्रहों का न्यायाधीश माना गया है। ज्योतिष मान्यता के अनुसार जिन जातकों की कुंडली में शनि अशुभ भाव में रहते हैं उन्हें कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। शनि के अशुभ प्रभाव से व्यक्ति के नौकरी, सेहत, धन और दांपत्य जीवन में परेशानी बनी रहती है। वहीं अगर किसी जातक की कुंडली में शनि शुभ भाव में विराजमान हों तो व्यक्ति का जीवन ऐशोआराम से बीतता है। ऐसे व्यक्ति पर शनि महाराज की विशेष कृपा होती है जिस कारण से वह रंक से राजा भी बन जाता है। शनि देव को कुंभ और मकर राशि का स्वामित्व प्राप्त है।