फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shani Sade Sati 2022: कुंभ राशि पर साढ़ेसाती का सबसे कष्टकारी चरण जारी, जानें कब मिलेगी इससे मुक्ति?

Thu, 22 Sep 2022 01:22 PM IST
विनोद शुक्ला ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
shani dev: शनिदेव सभी ग्रहों में सबसे मंद गति से चलने वाले ग्रह है। शनिदेव को एक राशि से दूसरी राशि में जाने के लिए करीब ढाई वर्षों का समय लगता है। - फोटो : अमर उजाला
Shani Sade Sati On Kumbh Rashi:  ज्योतिषशास्त्र में शनि ग्रह को बहुत ही खास ग्रह माना गया है। सभी 9 ग्रहों में शनि सबसे धीमी चाल से चलने वाले ग्रह हैं यह किसी एक राशि में करीब ढाई साल तक रहते हैं। इस कारण से इनका प्रभाव सबसे ज्यादा दिनों तक जातकों के ऊपर रहता है। शनि को कर्मफलदाता और न्यायाधिपति कहा जाता है। यह जातकों को उसके द्वारा किए गए कर्मों के आधार पर ही शुभ-अशुभ फल प्रदान करते हैं। शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या सभी के मन में भय पैदा करती है। वर्तमान में शनिदेव कुंभ राशि में वक्री हैं। कुंभ राशि शनि की स्वराशि हैं इसके अलावा मकर भी शनिदेव की राशि मानी गई है। इस समय शनि अपनी ही राशि में वक्री हैं। कुंभ राशि शनि की प्रिय राशियों में एक है। इस समय धनु, मकर और कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती का असर है। आइए जानते हैं कुंभ राशि वालों पर शनि की साढ़ेसाती का कौन सा चरण जारी है और कब इस पर से साढ़ेसाती का असर खत्म होगा।

Pitru Amavasya 2022: 25 सितंबर को सर्वपितृ अमावस्या,जानिए महत्व,पूजा का विधान,पितृ मंत्र और मुहूर्त
विज्ञापन

2 of 5
shanidev
शनि की मौजूदा स्थिति
शनि ग्रह अभी मकर राशि में उल्टी चाल से चल रहे हैं। इससे पहले शनि 29 अप्रैल 2022 को मकर राशि की अपनी यात्रा को विराम देते हुए कुंभ राशि में प्रवेश किया था। फिर इसके बाद 12 जुलाई 2022 को वक्री चाल से चलते हुए दोबारा से मकर राशि में प्रवेश हुए थे। 17 जनवरी 2023 को शनि फिर से कुंभ राशि में आ जाएंगे जिस कारण से कुंभ राशि वालों की परेशानियां बढ़ जाएंगी।
विज्ञापन

3 of 5
Aquarius - फोटो : अमर उजाला
कुंभ राशि पर साढ़ेसाती का दूसरा चरण
इस समय धनु,मकर और कुंभ राशि वालों पर शनि की साढ़ेसाती चल रही है। बीते 29 अप्रैल 2022 को शनिदेव मकर से कुंभ राशि में प्रवेश किया था। जिस कारण से कुंभ राशि के जातकों पर शनि की साढ़ेसाती का दूसरा चरण आ गया था। ज्योतिष में शनि की साढ़ेसाती के तीन चरण होते हैं जिसमें से दूसरा चरण सबसे ज्यादा कष्टकारी होता है। कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती का दूसरा चरण अभी कई महीनों तक रहेगा।

4 of 5
Shani Dev - फोटो : istock
कब खत्म होगी कुंभ राशि से साढे़साती ?
वैदिक ज्योतिषशास्त्र की गणना के अनुसार शनिदेव अभी मकर राशि की यात्रा पर हैं। शनि के मकर राशि में होने से धनु, मकर और कुंभ राशि वालों पर शनि की साढ़ेसाती चल रही है। वहीं अगर शनि की ढैय्या की बात करें तो मिथुन और तुला राशि वालों पर है। कुंभ राशि के जातकों पर शनि की साढ़ेसाती 24 जनवरी 2022 से प्रारंभ हुई थी जो 03 जून 2027 तक रहेगी।  
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
Shani Dev - फोटो : istock
जातकों पर साढ़ेसाती के दूसरे चरण का असर
शनि का नाम आते ही लोग डर जाते हैं क्योंकि शनि की साढ़ेसाती काफी कष्टकारी मानी जाती है। ज्योतिष के अनुसार शनि की साढ़ेसाती तीन चरणों में होती है। दूसरा चरण काफी कष्टकारी होता है। शनि की साढ़ेसाती का दूसरा चरण व्यक्ति को कई तरह के मानसिक,आर्थिक और शारीरिक कष्ट देते हैं। शनि की साढ़ेसाती होने पर व्यक्ति के कार्यों में लगातार बाधाएं आने लगती है। शनिदोष और शनि की साढ़ेसाती के प्रभाव को कम करने के लिए ज्योतिष में कई तरह के उपाय बताए गए हैं। जिनका पालन करते हुए कष्टों को कम किया जा सकता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें