वैदिक ज्योतिष के अनुसार ग्रह एक तय समय पर एक राशि से दूसरी राशि में संचरण करते हैं और उनका मनुष्य पर बड़ा गहरा प्रभाव पड़ता है। होली यानी कि 8 मार्च के बाद सूर्यदेव 15 मार्च को मीन राशि में, गुरु के साथ युति करेंगे वहीं 12 मार्च को मेष राशि में शुक्र की युति राहु से होगी। इसमें ध्यान देने वाली बात यह है कि इस युति पर शनि की दृष्टि होगी। दूसरी ओर मंगल महाराज महीनों बाद शुक्र की राशि वृष से निकलकर बुध की राशि मिथुन में गोचर करेंगे। शनि देव भी 6 मार्च से उदय हो गए है। मार्च में होली के बाद इन 3 ग्रहों का परिवर्तन और शनि का उदय 3 राशियों के लिए धन लाभ और तरक्की के मौके लेकर के आने वाला है। आइये जानते है कि वो 3 राशियां कौन सी हैं।