Laxmi Narayan Raj Yog: ज्योतिष में जहां बुध को ग्रहों का राजकुमार कहा जाता है, वहीं शुक्र की गणना सबसे शुभ ग्रहों में की जाती हैं। दोनों ही ग्रह अपने विशेष प्रभाव, स्वभाव व गुणों के लिए जाने जाते हैं। कुंडली में बुध की स्थिति जातकों को करियर-व्यापार में मुनाफा देती हैं, तो शुक्र विलासिता जीवन के कारक है। कुंडली में उनका मजबूत होना व्यक्ति के सुख-सौभाग्य, धन, कला निखार और आकर्षण में वृद्धि करता है। हालांकि दोनों ग्रहों की युति भी खास मानी जाती हैं, जिसका व्यापक असर 12 राशियों पर पड़ता है।
बता दें, जब बुध और शुक्र ग्रह एक साथ एक राशि में स्थित होते हैं, तब लक्ष्मी नारायण राजयोग का निर्माण होता है। इससे जातकों को धन लाभ और भौतिक सुखों की प्राप्ति होती हैं। ऐसे में जल्द कर्क राशि में यह विशेष योग बनने वाला है। दरअसल, बुध कर्क में विराजमान है और 21 अगस्त को शुक्र भी इस राशि में अपना स्थान लेंगे। ऐसे में दोनों ग्रहों की युति बनेगी, जिससे कर्क राशि में लक्ष्मी नारायण राजयोग बनेगा। इससे किन राशि वालों को अच्छे परिणाम मिल सकते हैं, आइए जानते हैं।