अतिचारी चाल से चल रहे देवगुरु बृहस्पति अब 31 अक्तूबर 2026 को सिंह राशि में गोचर करेंगे पंचांग के अनुसार गुरु का यह राशि परिवर्तन 31 अक्तूबर को दोपहर करीब 12 बजकर 02 मिनट पर होगा। गुरु इस राशि में 25 जनवरी 2027 तक विराजमान रहेंगे, इसके बाद दोबार से वक्री होकर कर्क राशि में गोचर होंगे। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार देवगुरु बृहस्पति को ज्ञान, धन, भाग्य, सुख-समृद्धि आदि का कारक ग्रह माना जाता है। गुरु के गोचर करने से इसका प्रभााव सभी 12 राशियों के जातकों के ऊपर देखने को मिलेगा। लेकिन सभी राशियों में से कुछ राशि वालों के ऊपर देवगुरु का गोचर अच्छा और शुभ साबित होगा। गुरु के गोचर का सबसे अच्छा प्रभाव सिंह, वृश्चिक और मेष राशि वालों के ऊपर रहेगा। इससे आर्थिक तरक्की, करियर में वृद्धि और नए तरह के अवसरों में वृद्धि हो सकती है। आइए जानते हैं गुरु के गोचर करने से मेष, सिंह और वृश्चिक राशि वालों पर किस तरह का प्रभाव पड़ेगा।