Budh Vakri 2024: ज्योतिष शास्त्र में मौजूद सभी ग्रह अपने प्रभाव के लिए जाने जाते है। कुंडली में इनकी स्थिति के अनुरूप ही जातक को शुभ-अशुभ फल की प्राप्ति होती हैं। इस दौरान बुध ग्रह के स्थान पर अधिक जोर दिया जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बुध देव बुद्धि, त्वचा, व्यापार व धन के ग्रह है। कुंडली में उनकी स्थिति मजबूत होने पर जातक को व्यापार मे लाभ की प्राप्ति होती है। इतना ही नहीं उसकी निर्णय लेने की क्षमता भी मजबूत होती है। इस दौरान बुध का गोचर भी इन जातकों के लिए लाभकारी साबित होता है। पंचांग के अनुसार 26 नवंबर 2024 को सुबह 08:11 मिनट पर बुध वृश्चिक राशि में वक्री हो चुके है। वह 16 दिसंबर 2024 तक भी वक्री अवस्था में ही रहेंगे। बुध की वक्री चाल कुछ राशियों के भाग्य में वृद्धि हो सकती है। आइए इनके नाम जानते हैं।