गौर से देखिए आपकी कलाई पर कुछ गोल सी रेखाएं होंगी। समुद्रशास्त्र में इन रेखाओं को मणिबंध रेखा कहा गया है। व्यक्ति के जीवन में इन रेखाओं का बड़ा महत्व होता है। समुद्रशास्त्र के अनुसार केवल इन रेखाओं को देखकर भी व्यक्ति के जीवन में आने वाली सुख समृद्धि और परेशानियों को जाना जा सकता है।
विज्ञापन
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
2 of 8
मणिबंध रेख्ाा
समुद्रशास्त्र के अनुसार मणिबंध स्थान से निकलकर यानी हथेली के अंतिम सिरे से निकलकर कोई रेखा केतु पर्वत तक पहुंच रही है तो यह संकेत है कि आप जीवन में हर प्रकार का सुख प्राप्त करेंगे। आपके पास अचानक ही खूब पैसा आ सकता है। पैसा आने का माध्यम शेयर, सट्टा, लॉटरी हो सकता है।
विज्ञापन
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
3 of 8
मणिबंध रेखा
मणिबंध से निकलकर कोई रेखा जीवनरेखा से मिल रही है तो यह सूचक है कि आपको विदेशी माध्यम से धन लाभ होगा। इस तरह की रेखा वाले बहुत से व्यक्ति तो विदेश में जाकर भी बस जाते हैं।
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
4 of 8
मणिबंध्ा रेखा
आपकी हथेली में हृदय रेखा से मणिबंध से आकर कोई रेखा मिल रही है तो आपको साझेदारी में कोई काम करना चाहिए। आप साझेदारी में किए गए काम से खूब धन कमा सकते हैं।
विज्ञापन
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
5 of 8
मणिबंध्ा रेख्ाा
मणिबंध से निकलकर कोई रेखा आपकी हथेली में सूर्य पर्वत पर जा रही है तो राजनीति में सफल हो सकते हैं। आप प्रसिद्ध होने के साथ ही धनवान भी होंगे।
विज्ञापन
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
6 of 8
मणिबंध्ा रेख्ाा
गुरू पर्वत पर मणिबंध से निकलकर कोई रेखा आ रही है तो आप किसी बड़े पद पर कार्य करेंगे। लेकिन इस तरह की स्थिति होने पर अपने से अधिक उम्र के व्यक्ति से प्रेम संबंध बनता है।
विज्ञापन
ऐसी मणिबंध रेखा आपकी हथेली में है तो आपको धनवान बनने और बड़े पद पर जाने से कोई रोक नहीं सकता
7 of 8
मणिबंध रेखा
मणिबंध से चलने वाली रेखा हृदय रेखा पर जाकर तीन शाखाओं में बंटी हो और यह रेखा सूर्य पर्वत, गुरू पर्वत और शनि पर्वत तक जाए तो यह संकेत है कि व्यक्ति 40-45 साल की उम्र में मंत्री पद प्राप्त करता है।