फीरोजाबाद में सिरसागंज के पास गुंजन चौराहे पर गुरुवार को पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी की पुत्रवधु सारा त्रिपाठी की रहस्मय मौत की गुत्थी सुलझने में ज्यादा से ज्यादा 72 घंटे का ही वक्त लगेगा।
उनकी जान सड़क हादसे में गई या फिर साजिश के तहत हत्या की गई? इस राज के खुलासे में लगी आगरा के फोरेंसिक वैज्ञानिकों की टीम घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाकर लाई है। सोमवार को टीम की मीटिंग होगी। इसमें हर पहलू पर बात की जाएगी। मंगलवार तक रिपोर्ट आने की संभावना है।
विधि विज्ञान प्रयोगशाला के वैज्ञानिकों ने मौके से कार के फोटोग्राफ, लोगों के बयान भी लिए हैं। इसके अलावा कार की हालत का गहराई से परीक्षण किया है। एफएसएल के सूत्रों ने बताया कि टीम ने सारा के शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी देखी है।