'सक्सेस किड' नाम के जिस बच्चे ने सोशल मीडिया पर शोहरत पाई, उसने इतनी कम उम्र में अपने पिता के लिए 75000 डॉलर यानी करीब 45 लाख रुपए जुटाए हैं।
सैम नाम का यह बच्चा जब 11 महीने का था तब इसकी मां लैनी ने कुछ तस्वीरें अपने फ्लिकर अकाउंट में डाली थीं। इन तस्वीरों को लोगों ने खूब पसंद किया था। बच्चे की इसी लोकप्रियता को देखते हुए लैनी ने एक वेब पोर्टल बनाकर 75000 डॉलर का फंड जुटाने का काम शुरू किया। यह फंड बच्चे के पिता की किडनी ट्रांसप्लांट कराने के लिए इकट्ठा किया जा रहा था।
बजफीड के अनुसार पिछले सप्ताह भी सैमी की ये तस्वीरें सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहीं थीं। लोगों को सैम की तस्वीरें इतनी पसंद आईं कि उन्होंने उसके पिता की बीमारी के लिए दिल खोलकर दान दिया।
दान के लिए बनाया था 'गोफंडमी' पेज
सैम की मां को यह फोटो इतना पसंद आया कि उन्होंने इससे फंड इकट्ठा करने के लिए ′गोफंडमी′ नाम का एक पेज बनाया। लैनी इस पैसे का इस्तेमाल अपने पति के इलाज के लिए करना चाहती थीं। उनके पति ′जस्टिन ग्रेनर′ की किडनी ट्रांसप्लांट की जानी थी।
किडनी ट्रांसप्लांट के लिए उन्हें 75 हजार डॉलर की जरूरत थी। कामयाबी को बयां करती इस फोटो ने अब तक 75 हजार डॉलर से ज्यादा यानी करीब 45 लाख रुपये से ज्यादा जुटा लिए हैं। दरअसल, इस फोटो को दुनियाभर में इंटरनेट, टीवी, पत्र-पत्रिकाओं के विज्ञापनों समेत टीशर्ट्स, वॉलपेपर आदि पर छापकर खूब बेचा गया।
इस बीच सैम की मां का बीमारी के कारण निधन हो गया। लेकिन, सैम के पिता को उम्मीद है कि अब उनका किडनी ट्रांसप्लांट आसानी से हो सकेगा।
पांच साल की बच्ची ने कमाए 25, 000 डॉलर
पांच साल की एक बच्ची ने अपने बीमार भाई के ईलाज के लिए 25000 डॉलर यानी करीब 15 लाख रुपए कमाए हैं। याहू न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, नआमा उजान नाम की बच्ची ने अपने घर के बाहर एक लेमनाडे स्टैंड से आइस्क्रीम, मफिन्स और हॉट चॉकलेट बेचकर करीब एक साल में ही 15 लाख रुपए इकट्ठा किए हैं।
एबीसी न्यूज के अनुसार मआमा ने बताया कि जब उसे पता चला कि उसके भाई को कोई गंभीर बीमारी है तो उसे कुछ काम करके पैसे कमाने की बात सूझी। फिर क्या था..उसकी मां ने उसे घर के बाहर ही टोरंटो कम्युनिटी में एक स्टॉल लगवा दिया जिससे मआमा चॉकलेट बेंचते हुए लोगों से अपने भाई की बीमारी के लिए मदद मांगने लगी।
पांच साल की मआमा की मेहनत रंग लाई और एक साल में उसने 25000 डॉलर यानी करीब 15 लाख रुपए इकट्ठा कर लिए। वहीं डोनेशन करीब इतने की रुपए यानी उसने करीब 48,000 डॉलर इकट्ठा कर लिए।