भाजपा के पीएम उम्मीदवार नरेंद्र मोदी विपक्षी पार्टियों से दो-दो हाथ करने की अपनी मुहिम के साथ-साथ भाजपा के भीतर भी अब विरोधियों को एक-एक कर निपटाने में लगे हैं।
अहमदाबाद पूर्व से उन्होंने अपने कट्टर विरोधी वरिष्ठ नेता हरिन पाठक का टिकट कटवा दिया है। यहां से भाजपा ने फिल्म अभिनेता परेश रावल को टिकट दिया है।
हरिन पाठक का पिछली बार भी टिकट कटते कटते बचा था। पाठक आडवाणी के करीबी माने जाते हैं।
रावल हैं मोदी के करीबी
पाठक का टिकट कटने के बाद अब इसमें कोई संदेह नहीं रह गया है कि भाजपा के टिकट बंटवारे में मोदी और उनके करीबी नेताओं के अलावा किसी की नहीं चल रही है।
वहीं रावल को मोदी का करीबी माना जाता है और यह अभिनेता लंबे समय से मोदी की खुली प्रशंसा करने वालों में शामिल रहे हैं।
पिछले लोकसभा चुनाव में भी मोदी हरिन पाठक का टिकट काटने पर आमादा थे। मगर तब भाजपा के पीएम उम्मीदवार आडवाणी ने खुद हस्तक्षेप कर पाठक का टिकट बचाया था।
जसवंत का भी टिकट मोटी ने कटवाया!
वहीं बाड़मेर से जसवंत सिंह का टिकट काटने से मोदी पहले ही निशाने पर हैं। जसवंत का टिकट काटने को लेकर भले ही राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है, मगर इसके पीछे मोदी की बुजुर्ग नेताओं को किनारा करने की रणनीति को भी एक वजह मानी जा रही है।
आडवाणी के करीबी जसवंत ने भी मोदी की पीएम उम्मीदवारी को लेकर शुरू में कहीं न कहीं विरोध किया था।
इसके अलावा सांबरकांठा से दीप सिंह राठौर, जूनागढ़ से राजेश चुडासमा, खेड़ा से देबूसिंह चौहान और पंचमहल से प्रभात सिंह चौहान को टिकट दिया गया है।