एक ही दिन में 206 करोड़ रुपये का ठेका देकर विवादों में आई महाराष्ट्र की महिला व बाल विकास मंत्री पंकजा मुंडे ने स्वीकार किया है कि ठेके में उनके विभाग से कुछ गलती हुई है। हालांकि उन्होंने इसमें घोटाले जैसे आरोप को सिरे से खारिज कर दिया है।
उन्होंने विधानसभा में एक सवाल के लिखित जवाब में यह माना कि एकात्मिक बाल विकास योजना में दिए गए चिक्की और खिचड़ी के ठेके में पुरानी पद्धति का अनुकरण किया गया जबकि एक करोड़ रुपये से अधिक ठेके की यह प्रक्रिया अब बंद की जा चुकी है।
महाराष्ट्र में विपक्षी दल ने पंकजा मुंडे पर 206 करोड़ रुपये के चिक्की घोटाले का आरोप लगाया है जबकि इस मामले में पंकजा मुंडे खुद को पाक साफ बताती रही हैं।
अब विधानसभा में सवालों के लिखित उत्तर में पंकजा मुंडे ने स्वीकार किया कि चिक्की कई मायने में पैमाने पर खरी नहीं उतरी है। सरकार ने इसे वापस लेने का फैसला किया है।