सरकार आईएएस अधिकारियों के मूल कैडर से केंद्रीय सेवाओं में वापस लौटने की प्रक्रिया को आसान बनाने जा रही है। भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के अधिकारियों को अपने मूल कैडर से केंद्रीय सेवा में लौटने पर ‘एक्सटेंडेड कूलिंग ऑफ पीरियड’ (ईसीओपी) का सामना नहीं करना पड़ेगा।
इस आदेश का मतलब है कि जो अधिकारी केंद्र में अपनी निर्धारित सेवा अवधि से पूर्व राज्य सरकार में मुख्य सचिव के रूप नियुक्ति पाते हैं तो उन्हें सिर्फ ‘कूलिंग ऑफ पीरियड’ के बाद वापस केंद्र में बुलाया जा सकेगा। यह पीरियड केंद्र में संयुक्त सचिव के लिए तीन साल और अतिरिक्त सचिव के लिए एक साल है।
नियमों के अनुसार केंद्र में एक संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी का कार्यकाल पांच वर्ष का होता है। इसके बाद उसे अनिवार्य रूप से तीन साल तक राज्य में रहना होता है जिसे ‘कूलिंग ऑफ पीरियड’ कहते हैं।
यदि संयुक्त सचिव स्तर का अधिकारी केंद्र में अपनी निर्धारित अवधि से पहले ही अपने मूल कैडर में पदोन्नति या राज्य सरकार के बुलाने पर लौटना चाहता है, तो केंद्र की शेष कार्य अवधि को ‘कूलिंग ऑफ पीरियड’ में जोड दिया जाता है। इस अवधि को ईसीओपी कहते हैं।