भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी का पहनावा अब लोगों के साथ ही नेताओं के बीच भी सुर्खियों बटोर रहा है। मौजूदा वक्त में मोदी फैशन के ब्रांड बन गए हैं।
मोदी के ड्रेस स्टाइल की फैशन बाजार में मांग काफी बढ़ गई है। हर कोई उनके स्टाइल और रंग को अपनाना चाहता है।
बाजार ने मोदी के पसंदीदा रंग को नमो शेड नाम ही दे डाला। इस नमो शेड में छह अलग अलग रंग हैं। इसमें भगवा के अलावा आसमानी, धानी, बसंती, गुलाबी और कत्थई रंग शामिल है।
राहुल गांधी के ड्रेस कोड का क्रेज नहीं
खास बात यह है कि मोदी के मुकाबले कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी काफी युवा हैं लेकिन उनके स्टाइल और ड्रेस कोड की झलक बाजार में कहीं दिखाई नहीं पड़ रही है।
मोदी शेयर बाजार में पहले से ही हिट हैं। अब कपड़ा उद्योग में नमो स्टाइल व रंग के परिधान की भी मांग बढ़ गई है। इसमें सबसे ज्यादा मांग लेनिन कपड़ा और भगवा रंग की है। कभी नेताओं की पहचान रहा सफेद कुर्ता और पैजामा पिछड़ गए हैं।
मोदी का जादू लोगों के सिर पर ऐसा चढ़कर बोल रहा है कि वो मोदी की लाइफ स्टाइल का अनुसरण कर ही रहे हैं, उनके पहने जाने वाले कपड़ों की स्टाइल को भी अपना रहे हैं। मोदी की पहनी जाने वाली लेनिन की शर्ट और कुर्ते की मांग ज्यादा हो रही है।
नमो स्टाइल युवाओं की पहली पसंद
देहली हिंदुस्तानी मर्केंटाइल एसोसिएशन के प्रधान सुरेश बिंदल का कहना है कि ऐसा पहली दफा देखने को मिल रहा है कि चुनाव के मौसम में लोग सफेद कपड़ा खरीदने के बजाए हल्के रंगों की मांग कर रहे हैं। रंग भी वही चाहिए जो मोदी की पसंद हैं। मोदी के पसंदीदा रंगों को मोदी शेड कहा जा रहा है। इनमें छह रंग शामिल हैं। खास बात यह है कि मोदी शेड में सफेद रंग नहीं है। यही नहीं मोदी शेड वाला कपड़ा भी लेनिन ही चाहिए।
इसी के चलते बाजार में लेनिन कपड़े की मांग एकाएक बढ़ गई है। ऐसा अनुमान है कि थोक बाजार में लेनिन कपड़े की जितनी बिक्री साल भर में होती है। उतना कपड़ा पिछले दो महीने में बिक चुका है। दरअसल मोदी के हाफ बाजू के कुर्ते व शर्ट युवाओं की पहली पसंद बन गए हैं।
खादी एंड विलेज इंडस्ट्रीज कमीशन के सदस्य (उत्तरी क्षेत्र) देशराज गौतम के मुताबिक खादी ग्रामोद्योग के आउटलेटों पर खरीदारों की भारी भीड़ है। ऐसी भीड़ अक्तूबर से जनवरी तक रहती है क्योंकि इन दिनों यहां कपड़ों पर छूट चलती है लेकिन इन दिनों खादी कपड़ों की मांग में बढ़ोतरी का कारण चुनाव है। सिलेसिलाए कुर्ते पैजामे से ज्यादा बिक्री कपड़े की हो रही है। कमोवेश यही नजारा फैब इंडिया के आउटलेटों पर देखा जा रहा है। यहां भी सिलेसिलाए सूती कुर्ते पैजामे की मांग जबरदस्त चल रही है।