एक के बाद एक रुकावटों के बीच लोकपाल विधेयक अब बजट सत्र तक के लिए टल गया है। सरकार ने बुधवार को राज्यसभा में कहा कि वह प्रवर समिति की सिफारिशों के मद्देनजर जरूरी संशोधनों के साथ आगामी बजट सत्र में यह विधेयक राज्यसभा में लाएगी।
प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री वी. नारायणसामी ने यह जानकारी दी। इससे पहले विपक्ष के नेता अरुण जेटली, माकपा के केएन बालगोपाल और पी राजीव ने यह मुद्दा उठाया। जेटली ने कहा कि लोकपाल विधेयक राज्यसभा की प्रवर समिति को भेजा था न कि स्थायी समिति को।
प्रवर समिति की रिपोर्ट आ चुकी है और यह इस सदन की संपत्ति है। रिपोर्ट पर चर्चा कराना सभापति का विशेषाधिकार है। इस पर सरकार का रुख स्पष्ट करते हुए नारायणसामी ने कहा कि संसद सत्र शुरू होने के बाद प्रवर समिति की रिपोर्ट पेश की गई है।
इसे विचार के लिए कानून मंत्रालय के पास भेजा गया और उसने अपनी मंजूरी प्रदान कर दी। हम इस रिपोर्ट को कैबिनेट में ले जा रहे हैं ताकि संशोधनों को मंजूरी मिल सके।