ई-टिकट कैंसिलेशन के नाम पर हो रही दलालों की जालसाजी और कई चतुर मुसाफिरों की धोखाधड़ी पर रेलवे नकेल कसने जा रहा है। रेलवे ने ई टिकट निरस्तीकरण के नाम पर होने वाले ऑटोमैटिक रिफंड को बंद करने का फैसला कर लिया है। इस बारे में जल्द ही रेल मंत्रालय की ओर से फरमान जारी कर दिया जाएगा।
सफर शुरू होते ही मोबाइल और लैपटॉप के जरिए ई टिकट रद कराकर ऑटोमैटिक रिफंड अपनी जेब में डाल रेलवे को प्रति दिन भारी चूना लगाया जा रहा है। रेलवे ने पिछले कुछ माह की समीक्षा के दौरान पाया कि ई टिकट बुक करने वाले दलालों का एक बड़ा रैकेट बड़ी चतुराई से रेलवे को चूना लगा रहा है।
रेलवे बोर्ड के मेंबर ट्रैफिक एके शुक्ला बताते हैं कि इस जालसाजी को रोकने के लिए ही ऑटोमैटिक रिफंड को बंद किया जा रहा है। अब ट्रेन छूटने से दो से तीन घंटे पहले बनने वाले रिजर्वेशन चार्ट के बाद ई टिकट कैंसिलेशन पर ऑटोमैटिक रिफंड नहीं होगा।