भारतीय जनता पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक में वाराणसी सीट को लेकर हंगामे की खबर है।
यहां से वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी चुनाव लड़ते रहे हैं लेकिन इस बार उनकी जगह भाजपा अपने प्रधानमंत्री उम्मीदवार नरेंद्र मोदी को टिकट देना चाहती है।
सूत्रों के अनुसार, केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक में वाराणसी सीट को लेकर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह और मुरली मनोहर जोशी में तीखी बहस हुई। सुषमा स्वराज ने भी जोशी के सीट बदले जाने का विरोध किया है।
सूत्रों के मुताबिक सुषमा स्वराज ने कहा है कि जब देश में नरेंद्र मोदी की लहर चल रही तो फिर वे अपने लिए यूपी में सुरक्षित सीट की तलाश क्यों कर रहे हैं।
बीजेपी में रार की वजह बनी वाराणसी
आपको बता दें कि इससे पहले भी वाराणसी सीट को लेकर मोदी और जोशी समर्थकों के बीच जोर-आजमाइश हो चुकी है। कुछ दिन पहले जब ये बात सामने आई थी कि मोदी वाराणसी सीट से चुनाव लड़ सकते हैं तो मुरली मनोहर जोशी के समर्थकों ने होली की शुभकामनाओं के पोस्टर शहर भर में चिपका दिए थे। मुरली मनोहर जोशी वाराणसी से सांसद हैं और वो किसी भी हालत में अपनी सीट नरेंद्र मोदी के लिए खाली नहीं करना चाहते।
जबकि आरएसएस और बीजेपी चाहती है कि उत्तर प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा सीटें जीतने के लिए मोदी वाराणसी सीट से ही चुनाव लड़ें। कहा जाता है कि मुरली मनोहर जोशी की भी संघ में अच्छी पकड़ है और वो वरिष्ठ नेता होने के चलते वो किसी भी हालत में अपनी सीट नहीं छोड़ना चाहते।
इससे पहले खबर आई थी कि नरेंद्र मोदी लखनऊ से अटल बिहारी वाजपेयी की विरासत को संभाल सकते हैं लेकिन चूंकि उधर से राजनाथ सिंह के चुनाव लड़ने की संभावना है इसलिए उन्हें वाराणसी से चुनाव लड़ाने की बात सामने आई। अब यही वाराणसी सीट बीजेपी में रार की सबसे बड़ी वजह बन गई है।
भाजपा की लिस्ट में फिर मोदी नहीं
लोकसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी ने 52 उम्मीदवारों की दूसरी लिस्ट जारी की है। इस लिस्ट में भी भाजपा के प्रधानमंत्री उम्मीदवार नरेंद्र मोदी का नाम नहीं है।
भाजपा नेता वी एस येदियुरप्पा को कर्नाटक के शिमोगा से लोकसभा टिकट दिया गया है। कुछ दिनों पहले ही येदियुरप्पा ने अपनी पार्टी का भाजपा में विलय किया था। येदियुरप्पा कर्नाटक में 2008 में बनी पहली भाजपा सरकार में मुख्यमंत्री थे लेकिन भ्रष्टाचार के आरोपों में उन्हें 2011 में पद छोड़ना पड़ा था। इसके बाद उन्होंने कर्नाटक जनता पक्ष के नाम से पार्टी बनाई थी।
येदियुरप्पा को लोकसभा टिकट दिए जाने पर आम आदमी पार्टी के नेता योगेंद्र यादव ने कहा है कि भाजपा का भ्रष्ट चेहरा सामने आया है।
बैठक से क्यों चले गए सुषमा-जोशी?
उम्मीदवारों के नामों की घोषणा करते हुए भाजपा नेता अनंत कुमार ने भ्रष्टाचार के सवालों पर येदियुरप्पा का बचाव किया। कांग्रेस अक्सर येदियुरप्पा को लेकर भाजपा को भ्रष्टाचार के मुद्दे पर घेरती रही है।
जाने माने पत्रकार और बीजेपी से राज्यसभा सदस्य चंदन मित्रा को पार्टी ने पश्चिम बंगाल के हुबली संसदीय सीट से अपना उम्मीदवार बनाया है। भाजपा ने आसनसोल से गायक बाबुल सुप्रियो को लोकसभा टिकट दिया है। सदानंद गौडा बेंगलूरू उत्तर तथा पूर्व केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार बेंगलूरू दक्षिण से चुनाव लडेंगे। भाजपा ने 52 उम्मीदवारों में से कर्नाटक से 20, असम से 5, केरल से 3, ओडिशा से 5, त्रिपुरा से 2 और पश्चिम बंगाल से 17 नामों की घोषणा की है।
अनंत कुमार ने बताया कि पार्टी की चुनाव समिति की अगली बैठक 13 मार्च को होगी जिसमें कुछ और नाम तय किए जाएंगे। शनिवार को भाजपा नेता सुषमा स्वराज और मुरली मनोहर जोशी के बीच में ही चुनाव समिति की बैठक छोड़ कर चले जाने पर अनंत कुमार ने कहा, “सुषमा जी को भोपाल जाना था और जोशी जी को किसी काम से जाना था।”