भारत के दौरे पर आए चीन के प्रधानमंत्री ली केचियांग ने मंगलवार को डॉक्टर द्वारकानाथ कोटनीस के परिवारवालों से मुलाकात की।
कोटनीस 1930 के दशक में चीन और जापान के बीच हुए युद्ध के दौरान घायल और प्लेग ग्रस्त सैनिकों के इलाज के लिए चीन गए थे।
इसके बाद वह दोनों देशों के बीच सबसे सम्मानित और चिरस्थायी संपर्क के प्रतीक बन गए।
प्रधानमंत्री बनने के बाद अपने पहले विदेश दौरे पर भारत आए ली ने अपने व्यस्त कार्यक्रम से वक्त निकालकर कोटनीस के परिवार से मुलाकात की।
भारतीय डॉक्टर के परिजनों के साथ विशेष मुलाकात के दौरान ली ने कोटनीस के योगदान को याद किया।
दशकों से चीन के प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति भारत दौरे के दौरान कोटनीस के परिजनों से मुलाकात की परंपरा को जीवित रखे हुए हैं।
ली ने परिजनों से कहा कि दिवंगत कोटनीस के योगदान की बदौलत ही भारत और चीन की मित्रता मजबूत हुई है। कोटनीस की 92 वर्षीय छोटी बहन मनोरमा ने बताया कि यह सबसे सुखद मुलाकात थी।
पीएम ली ने कहा कि कोटनीस भारत और चीन की दोस्ती के प्रतीक हैं। ली ने हमें चीन यात्रा का निमंत्रण दिया है।