नए साल से ब्रिटेन की ओर से आजादी के बाद से ही भारत को मिलती आ रही आर्थिक मदद बंद हो जाएगी। यह फैसला तीन वर्ष पहले ही तब लिया गया था जब ब्रिटेन में अंतरिक्ष, रक्षा और आईटी क्षेत्र की ताकत बने भारत को मदद पर सवाल उठने शुरू हुए थे।
इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच तत्कालीन वित्त मंत्री और वर्तमान राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने साल 2012 में सरकार की ओर से ब्रिटेन के समक्ष आर्थिक सहायता को बंद करने की पेशकश की थी। इसके बाद उसी साल 9 नवंबर को ब्रिटेन ने अगले तीन साल में चरणबद्ध तरीके से सहायता को बंद करने का फैसला किया था।