भाजपा नेता विजय जॉली ने तहलका की पूर्व मैनेजिंग एडिटर शोमा चौधरी के घर के बाहर प्रदर्शन किया। जॉली के खिलाफ साकेत थाने में मामला दर्ज किया गया है।
घर के बाहर हंगामे के बाद पुलिस ने शोमा चौधरी को सुरक्षा मुहैया कराने का फैसला किया है। वहीं, भाजपा नेता विजय जौली व कार्यकर्ताओं के खिलाफ पुलिस ने कई जमानती धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस आयुक्त भीमसेन बस्सी ने घटना के बाद बयान जारी करके कानूनी कार्रवाई के संकेत दिए हैं कि भाजपा नेता के खिलाफ कानूनी कार्रवाई संभव है।
दिल्ली पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जौली के खिलाफ साकेत थाने में आईपीसी की धारा 341 (रास्ता रोकना), 427 (प्रॉपर्टी को नुकसान पहुंचाना),143 (गैरकानूनी तरीके से एकत्रित होना) और 149(गैरकानूनी तरीके से एकत्रित होने का भाग होना) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इसके अलावा 3, प्रीवेंट ऑफ डिफेसमेंट ऑफ प्रॉपर्टी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। इन धाराओं के तहत एक से दो साल तक की सजा और जुर्माने का प्रावधान है। हालांकि, जौली को बृहस्पतिवार देर रात तक गिरफ्तार नहीं किया गया था। अगर गिरफ्तार किया जाता है तो उन्हें थाने से ही जमानत पर रिहा किया जा सकता है।
जौली पर होगी कार्रवाई?
विजय जौली के प्रदर्शन और व्यवहार से भाजपा आलाकमान नाराज हो गया है।
भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और दिल्ली बीजेपी प्रभारी नितिन गडकरी ने कहा है कि प्रदर्शन को लेकर उठे विवाद पर विचार करके विजय जौली पर कार्रवाई की जाएगी।
गडकरी ने कहा कि विजय जौली के इस प्रदर्शन से पार्टी का कोई लेना देना नहीं है। इस प्रदर्शन के बाद पार्टी ने पूरी तरह किनारा कर लिया है।
सुषमा स्वराज ने भी झाड़ा पल्ला
शोमा चौधरी के घर के बाहर भाजपा के प्रदर्शन के बाद हुए हंगामे से पार्टी के बड़े नेता पल्ला झाड़ते नजर आ रहे हैं। नितिन गडकरी के बाद सुषमा स्वराज ने भी प्रदर्शन के दौरान कालिख पोती जाने पर नाराजगी व्यक्त की है।
सुषमा स्वराज ने ट्विटर पर लिखा है कि वे इस प्रदर्शन की निंदा करती हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि विजय जौली पर पार्टी कार्रवाई कर सकती है।