गुजरात में भाजपा सांसदों द्वारा आदर्श ग्राम योजना के तहत अविकसित गांव के बजाए विकसित गांवों को गोद लेने के फैसले के खिलाफ कांग्रेस तो हमलावर हुई ही, राज्य की भाजपा सरकार में भी अपने ऐसे सांसदों का विरोध शुरू हो गया है।
राज्य की गृह राज्य मंत्री रजनी पटेल ने कहा कि यदि स्थिति में कोई बदलाव नहीं आया तो मुख्यमंत्री खुद गांवों का आवंटन करेंगी। गुजरात से राज्यसभा सांसद मनसुख मांडविया ने भावनगर जिले के हीरा उद्योग कंपनियों और पर्यटन के लिए विकसित हो चुके गांव उगमेडी को गोद लिया है।
वहीं, खेडा से सांसद देवूसिंह चौहान ने अहमदाबाद में प्रवासी भारतीयों के गांव के नाम से जाना जाने वाला वाहेलाल गांव और कच्छ जिले के सांसद विनोद छावड़ा ने जिले के सुवई गांव को चुना है, जहां 24 घंटे बिजली रहती है। यहां किसान जीरा और सरसों की फसल से अच्छी कमाई करते हैं।
पटेल ने भी सांसदों से जरूरतमंद गांवों को गोद लेने का आग्रह किया है। सांसदों के जरिए प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता मनीष दोषी ने कहा कि गुजरात के सांसद भी मोदी की तरह जनता को गुमराह कर रहे हैं।