नेपाल में शनिवार को भूकंप के झटकों के बीच योग गुरु बाबा रामदेव काठमांडू में योग शिविर संचालित कर रहे थे। तबाही के मंजर को बयां करते हुए योग गुरु ने बताया कि शिविर में उस समय हजारों लोग मौजूद थे। भगवान की कृपा रही कि हमने भीषण भूकंप से एक मिनट पहले ही कार्यक्रम संपन्न कर लिया था।
कार्यक्रम समापन के तुरंत बाद मेरी आंखों के सामने चार मंजिला इमारत धराशायी होकर गिर गई। काफी लोगों गंभीर चोटें आईं। हालांकि योग गुरु व उनके सहयोगी आचार्य बालकृष्ण सुरक्षित हैं। बाबा रामदेव ने कहा कि गनीमत रही कि शिविर में शामिल हजारों लोगों की भीड़ समय रहते छंट गई। नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।
उन्होंने कहा कि पतंजलि योगपीठ के सेवाकर्मी पीड़ित लोगों की मदद में लगे हुए हैं। भूकंप पीड़ितों की मदद की जा रही है। नेपाल का पुलिस बल और प्रशासन मुस्तैदी के साथ घायलों की मदद में लगा है। उन्होंने बताया कि भीषण भूकंप से भारी नुकसान हुआ है।
ऐतिहासिक इमारत ढही है, उसमें मौजूद सैकड़ों लोगों की मौत हुई है। जहां पर हमारा शिविर लगा है। भूकंप के झटके 20 बार से अधिक आए, तीन बार तो बहुत तेजी से झटके लगे। यह वैसी ही आपदा है, जैसी जून 2013 में उत्तराखंड में आई थी।