इलाहाबाद के धूमनगंज के एक ट्रांसपोर्टर के परिवार को बेटी के अपहरणकर्ताओं को जेल तक पहुंचाने की बड़ी कीमत चुकानी पड़ी। अपहरणकर्ता के तीन सगे भाइयों ने बदला लेने के लिए एक युवक के साथ मिलकर घर पर धावा बोल दिया और माता-पिता को गोली मार दी।
जानकारी के अनुसार प्रमोद उर्फ कुक्कू घर के बाहर ही था। उसे जख्मी करने के बाद हमलावर घर में घुस गए और अंधाधुंध फायरिंग की। एक गोली प्रमोद की पत्नी बेबी (40) के सीने में जा धंसी। प्रमोद का बेटा मुकु़ल भी गोली लगने से जख्मी हो गया। बेबी ने अस्पताल ले जाते वक्त रास्ते में दम तोड़ दिया।
पुलिस के मुताबिक प्रमोद की बेटी से अकरम प्यार करता था। बीते दिसंबर में अकरम उसे भगा ले गया था। उसे भगाने के आरोप में अकरम जेल में है। अकरम उससे निकाह करना चाहता था, लेकिन प्रमोद और बेबी इसके लिए तैयार नहीं थे। इसी कारण अकरम ने अपने साथियों से इस घटना को अंजाम दिलवाया है।
प्रमोद की बेटी से करना चाहता था निकाह
प्रमोद ने पोंगहट के रहने वाले सगे भाइयों सद्दाम, अफजल, अहमद और एक अन्य के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। तीनों के साथ शामिल युवक की पहचान नहीं हो सकी है।
प्रमोद की बड़ी नाबालिग बेटी का अपहरण करने के मामले में जेल में बंद अकरम को हत्या की साजिश रचने का आरोपी बनाया गया है। हमलावर पल्सर और डिस्कवर बाइक से आए थे।
हमले के वक्त प्रमोद घर के बाहर बरामदे में ब्रश करने के बाद नहाने की तैयारी कर रहा था। तभी दो बाइक गली के मुहाने पर आकर रुकीं। दो युवक वहीं रुक गए जबकि दो तेजी से दौड़ते हुए घर की ओर आए।
खून से लथपथ बेबी ने तोड़ा दम
युवकों ने गालीगलौज, धक्कामुक्की के बाद एक युवक ने पिस्तौल निकालकर उस पर फायर कर दिया। बचने के चक्कर में उसकी हथेली उड़ गई। वह घर के भीतर भागा तो फिर से फायर किया गया। गोली दरवाजे पर लगी।
निशाना चूक जाने पर हमलावर ने भीतर घुसकर फिर से गोली चलाई जो बेबी को जा लगी। इसके बाद हमलावरों की तरफ से की गई फायरिंग में प्रमोद का बेटा मुकुल भी जख्मी हो गया। छर्रे उसके हाथ में लगे। फायरिंग की वजह से पड़ोसी घर से निकलने की हिम्मत नहीं जुटा सके।
बाइक सवारों को लोगों ने कानपुर की ओर भागते देखा है। मौके से नौ एमएम गोली के छर्रे मिले हैं। खून से लथपथ बेबी को घर वाले ठेले में लादकर मुख्य सड़क तक लाए। वहां से प्रमोद की इंडिगो में जीवन ज्योति ले जाया गया।
घटना को लेकर इलाके में तनाव
वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रमोद और मुकुल को अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है। घटना के कुछ ही देर बाद धूमनगंज थाने की पुलिस मौके पर पहुंच गई।
घटना को लेकर इलाके में तनाव है, जिसे देखते हुए क्षेत्र में पुलिस तैनात कर दी गई है। घटना के विरोध में लोगों ने जीटी रोड पर जाम लगाने की भी कोशिश की लेकिन सफल नहीं हो सके।
पुलिस के उच्चाधिकारी मौके का दौरा करने के बाद डॉग स्कवायड व फील्ड यूनिट को बुलाकर हत्यारों की शिनाख्त करने की कसरत में जुट गए हैं। पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए तीन टीमें गठित कर दी हैं।