बेखौफ बदमाशों ने यूपी में कांग्रेस सरकार के पूर्व गृह राज्य मंत्री स्व. सुरेंद्र सिंह चौहान के मकान पर धावा बोलकर लाखों का सामान लूट लिया।
सिविल लाइंस के मथुरा नगर कंपाउंड में स्थित पूर्व मंत्री के घर पर अकेली उनकी पत्नी को बंधक बनाकर बदमाशों ने पीटा और गला दबाकर बेहोश कर दिया। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई।
पूर्व मंत्री के अलीगढ़ स्थित आवास पर उनकी पत्नी मीना चौहान अकेली रहती हैं। रविवार सुबह पौने आठ बजे दूधिया दूध देने आया। उसके पीछे ही 15 साल पुराना नौकर अनिल शर्मा निवासी विजयगढ़ भी दूध लेकर आया। पीछे-पीछे तीन लोग और घर में घुस गए। उनके अंदर आते ही अनिल बाहर आ गया।
तीनों लोगों ने मीना चौहान से मारपीट करते हुए गला दबाया और मुंह पर कपड़ा बांधकर घर में रखी नगदी व चाभियों के विषय में पूछा। इसी दौरान महिला बेहोश हो गईं। इसके बाद बदमाश अलमारियों की तलाशी लेकर 80 हजार रुपये नगद, 4 चूड़ियां, 2 जंजीर, चार अंगूठियों सहित कुल चार लाख का माल ले गए।
'जल्द होगा घटना का खुलासा'
इसी बीच करीब साढ़े आठ बजे शताब्दी एक्सप्रेस से मीना चौहान का धेवता ईशू नोएडा से यहां परीक्षा देने आया और वह नानी के घर पहुंचा। उसने नानी को बेहोश देख सबसे पहले मां एकता व इलाका पुलिस को खबर दी। इस सूचना पर खुद एकता नोएडा से गाड़ी से आईं।
इससे पहले सीओ सिविल लाइंस, इंस्पेक्टर सिविल लाइंस, पूर्व एमएलसी विवेक बसंल आदि पहुंच गए। पुलिस की जांच पड़ताल में पूर्व नौकर पर शक है। इस आधार पर अनिल शर्मा को शक में नामजद करते हुए मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। सीओ सिविल लाइंस के अनुसार जल्द घटना का खुलासा होगा।
यूपी में कांग्रेस की एनडी तिवारी सरकार में सुरेंद्र सिंह चौहान का रसूख था। वह विधानसभा के डिप्टी स्पीकर के अलावा गृह राज्य मंत्री, शिक्षा व कारागार मंत्री भी रहे।
पूर्व मंत्री की चार बेटियों में एकता, नमिता व मनीषा नोएडा में हैं, जबकि एक निवेदिता लखनऊ में हैं। चारों विवाहित बेटियां मां मीना चौहान का ध्यान रखती हैं। एक नौकरानी खाना पीना व घर की सफाई के लिए आती है।
मरा समझकर छोड़ गए बदमाश
पूर्व मंत्री की बेवा मीना चौहान की आंखों में अनिल की कहानी सुनाते समय आंसू आ गए। उन्होंने बताया कि अनिल शर्मा उनके मंत्री जी के समय में घरेलू नौकर था।
उन्होंने ही अपने मंत्रीकाल में करीब 15-20 साल पहले अनिल की अकराबाद के एक इंटर कॉलेज में बतौर लिपिक नौकरी लगवा दी। इसके बाद वह वहां नौकरी करने लगा। उसका घर पर अक्सर आना जाना रहता था। चूंकि वह गांव से ताल्लुक रखता इसलिए दूध आदि लेकर जरूर आता है। वह काफी विश्वासपात्र था।
मगर आज उसकी हरकत से जान पर बन आई। वह तो धेवता आ गया और उसने बेहोश नानी को होश में लाने के लिए तमाम प्रयास किए। तब जाकर नानी को होश में ला पाया। वरना बदमाश तो उन्हें मृत समझकर चले गए थे।