पतंगबाजी के शौकीनों के लिए अभी भी पारंपरिक पतंगे पहली पसंद बनी हुई हैं। बाजार में पारंपरिक पतंगों में दरवाज गुड्डा, भूत, अख्खादार, दिलदार आदि की मांग है। ये पतंगे पिछले कई दशक से शौकीनों के लिए मुख्य पसंद रही हैं। इस साल चुनावी सरगर्मियां न होने के कारण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और दूसरे बड़ी सियासी शख्सियत की पतंगे कम ही उपलब्ध हैं।
गुड्डी भरे उड़ान प्रतियोगिता 28 को
पर्यटन निदेशालय की ओर से पतंगबाजी के शौकीनों के लिए 28 अगस्त को पतंग उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसमें गुड्डी भरे उड़ान, नाम से तवी फ्रंट रिवर पार्कजम्मू में निर्धारित तिथि को सुबह 11 बजे से पतंग उड़ाने की प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। प्रतियोगिता के लिए निशुल्क एंट्री रखी गई है और इसमें अधिकतम 100 प्रतिभागियों को पहले आओ की तर्ज पर लिया जाएगा। प्रतिभागी को अपने साथ अपनी पतंग और डोर लेकर आना होगा। डोर में जिला मजिस्ट्रेट की ओर से प्रतिबंधित चाइनेज डोर (गट्टू नायलयन डोर) के इस्तेमाल पर रोक होगी।