परिवार के सभी सदस्य अस्पताल में भर्ती हैं। फिलहाल उनकी हालत में सुधार है।
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छत्तीसगढ़ के मैनपाट विकासखंड के ग्राम परपटिया में रविवार रात जंगली पुटू के सेवन से एक ही परिवार के चार सदस्य बीमार पड़ गए। इनमें दो बच्चे भी शामिल हैं। सभी को उल्टी-दस्त शुरू हो गया। इसके बाद उन्हे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कमलेश्वरपूर में भर्ती कराया गया है। उपचार के बाद पीड़ितों की हालत में सुधार हुआ है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम पटपरिया निवासी एक माझी परिवार ने रविवार को जंगली पुटू की सब्जी का सेवन किया था। इसके कुछ देर बाद ही परिवार के सदस्यों को उल्टी-दस्त होने लगी। अचानक चार लोगों के बीमार पड़ जाने की सूचना पर उन्हें आसपास के लोगों ने अस्पताल में भर्ती कराया। पीड़ितों में कबरी मझवार (30), फूलमती (25), मनरूपा (10) और सुमारसाय (12) शामिल है।
मैनपाट बीएमओ डा.आर. एस. पैकरा ने बताया कि उपचार के बाद चारों की हालत में सुधार हुआ है। उनकी स्थिति खतरे से बाहर है। एहतियातन सभी को फिलहाल अस्पताल में निगरानी के लिए रखा गया है और उन्हें दवाएं भी दी जा रही हैं। संभवत: चारों ने जहरीला पुटू खा लिया था, जिसके कारण वह फूड प्वाइजनिंग का शिकार हो गए।
बाजार में पुटू 800 रुपये किलो
बारिश के मौसम में सरगुजा के जंगलों में पुटू बड़े पैमाने पर उगते हैं। यह आदिवासी अंचल सरगुजा में प्रिय भोजन भी है। बाजार में इसका शुरुआती भाव 800 से 1000 रुपये प्रति किलो तक होता है। इसके सेवन से लोगों के बीमार पड़ने की घटनाएं भी सामने आती रहती हैं। जंगल में उगने वाले कुछ पुटू जहरीले भी हो सकते हैं। हालांकि गांव वालों को इसकी पहचान भी होती है।