ईयर बैक वाले छात्रों को अगले सेमेस्टर में प्रमोट न करने पर अड़ा उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय अपने नियम से पलट गया।
कांग्रेस नेता और सीएम पुत्र साकेत बहुगुणा आंदोलनरत छात्रों के समर्थन में पहुंचे तो विवि प्रशासन बैकफुट पर आ गया। इस बार फेल छात्रों को प्रमोट करने का निर्णय कर लिया गया। इसी के साथ छात्रों ने आंदोलन समाप्त कर दिया।
छात्र कई दिन से परेड ग्राउंड में दे रहे थे धरना
यूटीयू के प्रदेश भर में संबद्ध कालेजों के 700 छात्रों की ईयर बैक आई है। विवि ने नए नियम के तहत इन छात्रों को अगले सेमेस्टर में प्रमोट न करने की बात कही थी। इस पर छात्र कई दिन से परेड ग्राउंड में धरना दे रहे थे।
इस बीच विवि अधिकारियों से छात्रों की कई बार वार्ता हुई, लेकिन बात नहीं बनी। शनिवार को साकेत बहुगुणा और विधायक राजकुमार परेड ग्राउंड पहुंचे। छात्रों की समस्या जानने के बाद साकेत ने यूटीयू के वीसी प्रो. वीके जैन से फोन पर बात की।
उन्होंने ईयर बैक पर प्रमोट न करने की व्यवस्था अगले सत्र से लागू करने के लिए कहा। इसके बाद शाम होते-होते विवि अपने ही नियम पर बैकफुट पर आ गया।
जानकारी के मुताबिक विवि ने ऐसे सभी छात्रों को एक बार प्रमोट होने का मौका दिया है लेकिन इसके लिए छात्रों से शपथपत्र भरवाया जाएगा।
जिन छात्रों की परफार्मेंस ज्यादा कमजोर है, उनकी 40 दिन की एक्स्ट्रा क्लास चलाने के बाद विवि जनवरी या फरवरी माह में परीक्षा आयोजित कराएगा। हालांकि अभी विवि प्रशासन ने आधिकारिक तौर पर अपना रुख साफ नहीं किया है।
यह था नया नियम
यूटीयू ने अपने आर्डिनेंस का हवाला देते हुए सभी स्पेशल बैक परीक्षाएं खत्म कर दी थीं। फेल विषयों की सीमा भी तय कर दी थी। इससे करीब 700 छात्रों की ईयर बैक लग गई थी। पहले छात्रों ने दो दिन तक विवि में हंगामा किया, लेकिन हल नहीं निकला तो वे परेड ग्राउंड में धरने पर बैठ गए थे।