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पढ़ाई के साथ शोध पर भी ध्यान दें विद्यार्थी

Thu, 05 Dec 2013 01:26 AM IST
अमित यादव/लखनऊ
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चिकित्सा की पढ़ाई के साथ ही शोध करें। नॉलेज एक्सचेंज करें। देश के अच्छे कॉलेजों के लोगों को यहां बुलाएं। अपने छात्र-छात्राओं को दूसरे कॉलेज में भेजें।
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देश के निजी मेडिकल कॉलेजों की सूची में एरा तीसरे नंबर है। ऐसी तकनीक और सुविधाएं हैं कि एक कॉलेज के लेक्चर को पूरे देश में कहीं भी देखा जा सकता है।

इसका भी इस्तेमाल करें और विश्वस्तरीय संस्थानों से जुड़ें, जिससे ज्ञान और बढ़ाया जा सके। प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुधवार को एराज मेडिकल कॉलेज के वार्षिकोत्सव में यह बातें कहीं।

एराज मेडिकल कॉलेज के प्रेक्षागृह में मौजूद बड़ी संख्या में युवाओं को देखकर प्रदेश के युवा मुख्यमंत्री भी काफी उत्साहित थे।

एमबीबीएस की सीटें बढ़ाने की बात हो या फिर नए मेडिकल कॉलेज खोलने की, मुख्यमंत्री की हर बात को छात्र-छात्राओं ने सराहा, उन्हें बकअप करने के लिए उत्साह के साथ तालियां बजाईं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आजमगढ़ और जालौन के मेडिकल कॉलेज शुरू हो गए हैं।
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जल्दी ही बदायूं और जौनपुर में भी मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। इससे प्रदेश में डॉक्टरों की कमी नहीं रहेगी। उन्होंने छात्र-छात्राओं से कहा कि आज डॉक्टर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रुकना नहीं चाहते।

हमारा प्रयास है कि ग्रामीणों तक डॉक्टर पहुंचे। सरकारें बदल जाती हैं लेकिन इस समस्या से निजात नहीं मिल रही है लेकिन अब ऐसा नहीं होने दिया जाएगा।

पैरामेडिकल की कमी को भी पूरा किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार ने प्रदेश में निजी मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेज खोले जाने की शुरुआत की थी।

नेता जी के नेतृत्व में बनी सरकार ने यह पहल की थी। इससे पहले यूपी के बच्चे साउथ इंडिया के इंजीनियरिंग कॉलेजों में पढ़ने जाते थे।

वहां का संतोष मेडिकल कॉलेज हो या बंगलुरू का मशहूर जेएसएस इंजीनियरिंग कॉलेज आज सभी यूपी में हैं। सिर्फ डेढ़ साल के कार्यकाल में विभिन्न मेडिकल कॉलेजों में 500 एमबीबीएस की सीटें बढ़ाई गई हैं।

इससे पहले कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस मौके पर सपा नेता अशोक बाजपेयी, पूर्व मंत्री अम्मार रिजवी, झारखंड के पूर्व राज्यपाल सिब्ते रजी आदि भी मौजूद थे।

विश्वविद्यालय का दर्जा देने की मांग
एरा मेडिकल कॉलेज की डायरेक्टर अकेडेमिक डॉ. फरजाना मेहंदी ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के सामने कॉलेज को विश्वविद्यालय का दर्जा देने की मांग रखी।

इस पर मुख्यमंत्री ने उन्हें जरूरी मानक पूरा करने पर विश्वविद्यालय का दर्जा देने में हरसंभव मदद का आश्वासन दिया।

इससे पहले डॉ. ब्रिगेडियर टी.प्रभाकर ने एक पत्रिका के सर्वे में देश के 210 मेडिकल कॉलेजों में एराज को तीसरा स्थान देने की जानकारी दी।

एरा एजूकेशन ट्रस्ट केट्रस्टी कर्नल एसएचएम रिजवी ने मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए पांच लाख रुपये का चेक दिया। ट्रस्ट की संरक्षक फखरा बानो ने उन्हें स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया।
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