संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद की ओर से आयोजित पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा में 900 ओएमआर फॉर्म अधिकारियों के रडार पर होंगे।
आशंका जताई जा रही है कि 450 अभ्यर्थियों ने परीक्षा में खेल करने की मंशा से जानबूझकर दो-दो ओएमआर फॉर्म भरे हैं।
परीक्षा के दौरान ये अभ्यर्थी कोई गड़बड़ी न कर सकें, इसके लिए सभी दो ओएमआर वाले अभ्यर्थी को दोनों ओएमआर पर अलग-अलग परीक्षा केंद्र भरने के बावजूद एक ही परीक्षा केंद्र आवंटित किया गया है।
इस बार साढ़े पांच लाख अभ्यर्थी
संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद की ओर से होने वाली पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा देंगे। इनमें से 450 ऐसे अभ्यर्थी ऐसे हैं, जिन्होंने दो-दो फॉर्म भरे हैं।
आमतौर पर दो-दो फॉर्म भरने के पीछे अभ्यर्थी की मंशा परीक्षा के दौरान लाभ लेने की होती है। एक ही नाम से दो आवेदन फॉर्म भरकर फर्जी अभ्यर्थी को परीक्षा दिलाने की कोशिश भी की जाती है।
ऐसे में संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद ने दो-दो फॉर्म भरने वाले अभ्यर्थियों को एक परीक्षा केंद्र आवंटित किया गया है।
177 जोनल अधिकारियों के भरोसे जिम्मेदारी
ग्रुप एक की पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा कराने की जिम्मेदारी 177 जोनल अधिकारियों को सौंपी गई है।
वहीं, अन्य ग्रुपों की प्रवेश परीक्षा के लिए 22 जोनल अधिकारियों की तैनाती की गई है। प्रवेश परीक्षा 56 के बजाय अभ्यर्थियों की सहूलियत के लिए 72 जिलों में आयोजित की जा रही है। ग्रुप एको छोड़कर अन्य ग्रुप की की परीक्षा इस बार 22 जिलों में होगी।
मुख्य परीक्षा प्रदेश के 903 तथा अन्य ग्रुपों की परीक्षा 218 जनपदों में होगी। साढ़े पांच लाख में से चार लाख 85 हजार फॉर्म ग्रुप एक के लिए हैं।