लखनऊ विश्वविद्यालय का हर विभाग अब सीधे इंडस्ट्री से जुड़ सकेगा। लविवि प्रशासन ने यह फैसला विभागों में प्रैक्टिकल नॉलेज का स्तर बढ़ाने के लिए लिया है।
इसके बाद विभागों में पढ़ने वाले स्टूडेंट्स को प्लेसमेंट में भी मदद मिलेगी। मालूम हो कि इस समय विश्वविद्यालय में केंद्रीकृत स्तर पर इंडस्ट्री लिंकेज सेंटर स्थापित है।
फिलहाल यह सेंटर आईएमएस व लखनऊ यूनिवर्सिटी मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विभागों पर ध्यान केंद्रित करता है।
इंडस्ट्री लिंकेज के बाद विश्वविद्यालय का हर विभाग अब अपने खुद प्रोजेक्ट तैयार कर सकेगा। इंडस्ट्री की जरूरतों के हिसाब से अपने कोर्सेज को तैयार कर सकेगा। इंडस्ट्री से एमओयू साइन कर सकेगा।
इसका सबसे बड़ा फायदा स्टूडेंट्स को प्रैक्टिकल नॉलेज के रूप में मिलेगा। इंडस्ट्री लिंकेज से संबंधित विषय की पढ़ाई के बाद स्टूडेंट्स के लिए रोजगार के नए अवसर खुल सकेंगे।
किसी विशेष क्षेत्र में शोध के लिए विभाग इंडस्ट्री से सीधे एमओयू हस्ताक्षरित कर सकेंगे। लविवि के इस फैसले को नैक टीम के दौरे से जोड़कर देखा जा रहा है।