हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय एससीए अध्यक्ष राजन हारटा और महासचिव पियूश सेवल ने प्रशासन पर छात्रों की समस्याओं की अनदेखी करने और सरकार के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया है।
एससीए ने चेताया कि यदि मांगे न मानी गई, तो एससीए छात्रों को लामबंद कर निर्णायक आंदोलन खड़ा करेगी।
उन्होंने कहा कि प्रशासन बारहवीं पंचवर्षीय योजना के तहत मिली 3 करोड़ 23 लाख 27 हजार की सहायता राशि के 90 फीसदी हिस्से को इस्तेमाल करने में नाकाम रहा है।
परिसर में वाईफाई को 62 लाख, परिसर विकास को 66 लाख, प्रयोगशाला सुधार को 80 लाख, सांस्कृतिक गतिविधियों को 7 लाख, प्रकाशन को 5 लाख, छात्राओं की मूलभूत सुविधाओं को 5 लाख, कर्तव्य एवं अधिकार शिक्षा को 5 लाख, पुस्तकालय मरम्मत को 35 लाख मिले थे।
मगर कोई काम शुरू नहीं हुआ है। अध्यक्ष का आरोप है कि केग की रिपोर्ट के मुताबिक प्रशासन ने छात्रों के 12.5 करोड़ के फंड का दुरूपयोग किया है, इसमें शोधार्थियों की छात्रवृति शामिल है।
अध्यक्ष राजन ने साफ किया कि परिसर में रैली धरने प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगाकर और झूठे केस बनाकर छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन करने का प्रयास बदार्शत नहीं होगा।