जावा प्रोग्रामिंग से गेम, वेब डिजाइनिंग, रिटेल क्षेत्र में सेल्स पर्सन की ट्रेनिंग समेत पांच कोर्स क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय में चलाए जाएंगे। प्रशिक्षण के बाद युवाओं को प्लेसमेंट भी दिलाया जाएगा।
कार्यालय को श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार के डायरेक्टरेट जनरल ऑफ एम्प्लॉयमेंट एंड ट्रेनिंग के अंतर्गत चलने वाली स्कीम स्किल डवलपमेंट इनिशिएटिव केतहत ऐसे पांच कोर्स चलाने की अनुमति मिल गई है।
इसमें प्रवेश लेने वाले स्टूडेंट्स को कोई भी शुल्क नहीं देना होगा। इन कोर्सेज के प्रवेश फॉर्म तीन फरवरी से क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय से मिलेंगे। इनका पहला बैच 10 फरवरी से शुरू होगा।
इंफॉर्मेशन एंड कम्यूनिकेशन टेक्नोलॉजी क्षेत्र में आने वाला टैली, फंडामेंटल्स ऑफ जावा प्रोग्रामिंग लैंग्वेज, बीपीओ वायस बिजनेस ट्रेनिंग, रिटेल क्षेत्र का सेल्स पर्सन और सॉफ्ट स्किल्स फॉर बेस लाइन स्टॉफ इन सर्विस सेक्टर कोर्स की ट्रेनिंग दी जाएगी।
ट्रेनिंग को-ऑडिनेटर विजय प्रताप सिंह ने बताया कि इन कोर्सेज में कार्यालय की ओर से नियुक्त ट्रेनर्स के साथ ही संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ भी गेस्ट लेक्चर के लिए बुलाए जाएंगे।
इनके बैच सुबह आठ से शाम सात बजे तक चलेंगे। एक बैच का समय दो से तीन घंटे का होगा। क्योंकि यह कोर्स निशुल्क हैं इसलिए ऐसी भी संभावना है कि कोई इसमें प्रवेश लेने के बाद उसको सही से न करे।
ऐसे में कुछ सीटें प्रवेश के बाद बेकार भी हो सकती हैं। इस स्थिति से निपटने के लिए कार्यालय ने कम से कम 80 फीसदी अटेंडेंस की व्यवस्था की है।
इसके लिए प्रवेश लेते समय स्टूडेंट से एक डिक्लेरेशन फॉर्म भराया जाएगा कि 80 फीसदी क्लास अटेंड करने पर ही उसे परीक्षा देने की अनुमति मिलेगी।
इन कोर्स में प्रवेश लेने के बाद स्टूडेंट को ई-मेल और मैसेज के माध्यम से प्रवेश की पुष्टि की जाएगी। बैच शुरू होने और उसके समय की जानकारी भी इसी माध्यम से भेजी जाएगी।
विजय प्रताप सिंह ने बताया कि सभी कोर्स स्टूडेंटस को रोजगार दिलाने में सहायक होंगे। आज छोटे स्तर पर व्यापार करने वाले तक टैली का प्रयोग कर अपना अकाउंट मेन्टेन करते हैं।
इसीलिए टैली के बाद अकाउंटेंट की नौकरी मिलना काफी आसान हो गया है। बीपीओ वायस बिजनेस ट्रेनिंग में स्टूडेंट को कॉल सेंटर में काम करने के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा।
इसमें उसे वायस मॉड्यूलेशन, टेलिफोन एटिकेट्स व एथिक्स, वोकल एथिक्स आदि के बारे में बताया जाएगा। सॉफ्ट स्किल में वर्बल एवं नॉन-वर्बल कम्यूनिकेशन, बॉडी लैंग्वेज, जेस्चर, पोस्चर, प्रेजेंटेशन आदि का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
यह सभी जगह साक्षात्कार और नौकरी में सहायक होगा। रिटेल के क्षेत्र में रिटेल चेन्स जैसे बिग बाजार, स्पेन्सर आदि का कॉन्सेप्ट बढ़ रहा है।
यहां ग्राहक को जबरदस्ती सामान नहीं बेचा जाता, बल्कि वह सिर्फ ग्राहक को सामान पसंद करने में सहायता करता है। रिटेल सेल्स पर्सन के कोर्स में इसी का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
जावा प्रोग्रामिंग के कोर्स में स्टूडेंट को मोबाइल एप्लीकेशन व गेम बनाना, वेबसाइट डिजाइन करना आदि सिखाया जाएगा। इसके बाद स्टूडेंट कहीं नौकरी करने के अलावा खुद का काम भी शुरू कर सकता है।
इन कोर्सेज में प्रवेश लेने से पहले अभ्यर्थी की काउंसिलिंग की जाएगी। इसमें उसे सभी कोर्सेज की पूर्ण जानकारी और लाभ बताए जाएंगे। इसके बाद वह जिस कोर्स में चाहे प्रवेश ले सकता है।