फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पेपर फिक्सिंग से जुड़े हैं बाबा रामदेव के 'छात्र' के तार

Tue, 19 May 2015 08:36 AM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
विज्ञापन
यूपीएमटी का पेपर लीक कराने का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह के छह गुर्गों के पकड़ में आने के बाद गिरोह के तार कई दूसरे राज्यों से जुड़ रहे हैं। पकड़े गए गुर्गों में बाबा रामदेव के पतंजलि का एक छात्र आशुतोष तिवारी भी पकड़ा गया है।
विज्ञापन


बताया गया कि पतंजलि योगपीठ हरिद्वार में बीएएमएस में प्रवेश लेकर छोड़ दिया है। फिलहाल, वह कानपुर के काकानगर से एमबीबीएस परीक्षा की तैयारी कर रहा है। शनिवार को पकड़े गए आरोपियों को पुलिस ने रविवार को रिमांड के लिए मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

दून पुलिस ने शनिवार देर रात छह गुर्गों को दबोच कर यूपीएमटी आदि परीक्षाओं के पेपर उपलब्ध कराने का झांसा देकर मोटी रकम वसूलने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया था। इनके पास से करीब डेढ़ करोड़ रुपए के चेक और छह अभ्यर्थियों के मूल प्रमाण पत्रों, लैपटॉप, आठ मोबाइल और कार मिली है।
विज्ञापन


इनमें से दो युवक महाराष्ट्र के पुणे में काम करते थे, जबकि एक युवक महाराष्ट्र में पढ़ाई कर रहा है। बाकी के युवक यूपी में परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। गिरोह का सरगना दिल्ली निवासी मनीष है।

पुलिस अधीक्षक नगर अजय सिंह ने बताया कि गिरोह के सरगना दिल्ली के मनीष और पुणे के अमित सक्सेना को वांछित कर उनकी गिरफ्तारी के लिए टीम भेजी जा रही है। हालांकि, इनके पास से यूपीएमटी का किसी तरह का पेपर नहीं मिला है।

ये आरोपी गए जेल
कोमल चंद गुप्ता निवासी जालौन, आशुतोष तिवारी निवासी कैलाडी प्रतापगढ़, निशिकांत निवासी ललितपुर, रोहित वर्मा लोहियानगर फिरोजाबाद, अरसलान निवासी कल्याणपुर, कानपुर, अन्जय कुमार निवासी भगवतपुर उन्नाव।

दो आरोपियों को रिमांड पर लेगी पुलिस
पेपर ठगी प्रकरण में पकड़े गए एमबीबीएस के छात्र कोमल चंद गुप्ता और निशिकांत को रिमांड पर लेकर पुलिस पूछताछ करने की तैयारी में है। धारा पुलिस चौकी प्रभारी नरेश राठौड़ ने बताया कि सीजेएम कोर्ट में आवेदन दिया जा रहा है। उनसे रिमांड पर कुछ दस्तावेज बरामद होने की उम्मीद है।

पुलिस की मनीष से फोन पर हुई बात
आरोपियों के पकड़े जाने के बाद पुलिस ने एक आरोपी के मोबाइल से सरगना मनीष से देर रात बात की थी। पुलिस ने जानने की कोशिश की थी कि बनाई गई मेल आईडी पर यूपीएमटी का पेपर कब तक मिलेगा। वह बार-बार जल्द मेल करने की बात कहता रहा, लेकिन नई मेल आईडी पर कोई पेपर नहीं आया।
विज्ञापन

पेपर लीक के नाम ठगी करने वालों की प्रोफाइल

कोमल चंद गुप्ता (26) निवासी बापू साह जालौन यूपी
शैक्षिक योग्यता : महाराष्ट्र के अमरावती मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस फाइनल वर्ष का छात्र

आशुतोष तिवारी (25) निवासी कैलाडी थाना प्रतापगढ़
शैक्षिक योग्यता : पतंजलि हरिद्वार में बीएएमएस में प्रवेश लेकर छोड़ा। कानपुर के काकानगर से कर रहा है एमबीबीएस परीक्षा की तैयारी

निशिकांत (25) निवासी सिविल लाइन ललितपुर
शैक्षिक योग्यता : बीएससी। प्राइवेट जॉब करने के साथ कर रहा था एसएससी की तैयारी

रोहित वर्मा (24) निवासी लोहिया नगर फिरोजाबाद
शैक्षिक योग्यता : बीएससी, बीएड। महाराष्ट्र के पुणे शहर में मेडिकल की सलाह के लिए परामर्श सेंटर चलाने वाले अमित सक्सेना के यहां काम करता है।

अरसलान सिद्दीकी (23) निवासी आवास विकास कल्याणपुर, कानपुर
शैक्षिक योग्यता : मेडिकल में प्रवेश की कर रहा है तैयारी

अन्जय कुमार (32) निवासी भगवतपुर उन्नाव
शैक्षिक योग्यता : पोस्ट ग्रेजुएट होने के साथ रोहित के साथ महाराष्ट्र में कर रहा है काम

इन्होंने दिए लाखों के चेक
- आरोपी कोमल गुप्ता के पास से एचडीएफसी बैंक के दो चेक मिले हैं। 22 लाख रुपए के ये चेक ऊधमसिंह नगर के नरेंद्र सिंह ने अपने बेटे के लिए दिए थे। साथ में मूल प्रमाण पत्र भी हैं।
- आरोपी आशुतोष तिवारी के पास से 10 और 12 लाख के दो चेक मिले हैं। यह तरसेम सिंह निवासी ऊधमसिंह नगर ने उपलब्ध कराए हैं।
- आरोपी निशिकांत के पास से चार-चार लाख के पांच चेक मिले हैं। यह हरिद्वार के अमित कुमार ने दिए हैं।
- आरोपी रोहित वर्मा के पास 93 हजार रुपये के अलावा 10 और 12 लाख के दो चेक थे। यह चेक बाजपुर के चिराग मित्तल के एकाउंट से जारी हुए हैं।
- आरोपी अरसलान सिद्दीकी के पास से 10-10 लाख के दो और 12 लाख का तीसरा चेक मिला है। सेंट मेरी बाजपुर के छात्र को यूपीएमटी पास कराने के लिए बाजपुर निवासी महेंद्र ने दिए थे।
- आरोपी अन्जय कुमार ने 10 और 12 लाख के दो चेक उपलब्ध कराए हैं। ये चेक हिमाचल प्रदेश के महेंद्र सिंह द्वारा दिए गए हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें