अमेरिकी फर्म गोल्ड मैन सॉक्स द्वारा भारतीय शेयर बाजार की रेटिंग बढ़ाए जाने से घरेलू शेयर बाजार का हौसला बुलंद रहा। इस खबर से शुरुआती कारोबार में विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने विभिन्न सेक्टरों में शेयरों की तगड़ी लिवाली की।
इससे बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का सेंसेक्स 22040.72 और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 6,574.95 अंक के रिकॉर्ड स्तर पर तक चढ़ा। हालांकि बाद में यूक्रेन संकट के कारण विदेशी बाजारों में संशय की स्थिति रहने और इसे देखते हुए अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक में प्रतिकूल फैसला लिए जाने की आशंका ने बाजार का जोश ठंडा कर दिया।
ऐसे में सेंसेक्स अंत में महज 23 अंक की बढ़त लेकर 21,832.61 अंक पर बंद हुआ। निफ्टी भी केवल 12.45 अंक की बढ़त के साथ 6,516.65 अंक पर सिमटा।
बीएसई में एफमएसीजी, पावर, कंज्यूमर डूरेबल्स, तेल-गैस, मेटल और हेल्थकेयर वर्ग में निवेशकों ने अच्छी खरीदारी की। दूसरी ओर आईटी, बैंकिंग. रीयल्टी, टेक और ऑटो वर्ग पर बिकवाली का दबाव बना रहा। बीएसई में कुल 2,976 कंपनियों के शेयरों में कारोबार हुआ। इसमें 1,548 लाभ में और 1,254 नुकसान में रहे बाकी 174 में कोई बदलाव नहीं हुआ।
कारोबार की शुरुआत के साथ ही बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिली। कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी द्वारा गुजरात प्लांट को लेकर अपने अल्पांश शेयरधारकों से मंजूरी लिए जाने की खबर से कंपनी के शेयर में तगड़ी लिवाली हुई। मारुति का शेयर 7.58 फीसदी मुनाफे के साथ सेंसेक्स में सबसे ज्यादा मुनाफा कमाने वाली कंपनी रही। इसके साथ ही एसबीआई, आईटीसी, कोल इंडिया, रिलायंस और बजाज ऑटो के शेयर 2.72 से 1.04 फीसदी के लाभ में रहे।
इसके अलावा टाटा पावर, एनटीपीसी, ओएनजीसी, रेड्डीज लैब, भेल, सेसा स्टरलाइट, हिन्दुस्तान यूनि, एचडीएफसी बैंक, हीरो मोटोकार्प, भारती एयरटेल और सिप्ला के शेयरों ने भी मुनाफा कमाया। दूसरी ओर नुकसान उठाने वाले शेयरों में टाटा मोटर्स, महिंद्रा, विप्रो, इनफोसिस, एलएंडटी, आईसीआईसीआई बैंक, टीसीएस, गेल इंडिया, एचडीएफसी, एक्सिस बैंक, सन फार्मा, हिंडाल्को और टाटा स्टील 0.31 से 3.03 फीसदी के घाटे के साथ शामिल रहे।