कर्मचारियों के संगठनों ने वित्त मंत्री से मांग की है, कि उनकी पे-स्लिप के आधार पर वेतन में 25 फीसदी की बढ़ोतरी की जाय।
इस संबंध में वित्त मंत्री ने बैंक एसोसिशन के प्रतिनिधियों को यह आश्वासन दिया है कि सरकार इस दिशा में जल्द जरूरी कार्यवाही करेगी।
इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (आईबीए) के साथ बैंक एसोसिएशन की इस संबंध में करीब 10 दौर की बातें हो चुकी है, जिसमें आईबीए ने 11 फीसदी वेतन बढ़ोतरी का प्रस्ताव एसोसिएशन को दिया था।
जिसे उन्होंने अस्वीकार कर दिया है। वित्त मंत्रालय का वित्तीय सेवा विभाग भी इस संबंध में जेटली को अपने प्रजेंटशन में वेतन बढ़ोतरी के मामले को न हो पाने वाले काम की सूची में रखा था।
शुक्रवार को नेशनल आर्गनाइजेशन ऑफ बैंक्स वकर्स के जनरल सेक्रेटरी अश्विनी राणा ने बैैठक के बाद अमर उजाला को बताया कि वित्त मंत्री से 25 फीसदी वेतन बढ़ोतरी की मांग को जल्द लागू करने की बात कही गई है।
इस संबंध में उन्होंने आश्वासन दिया है, कि पूरे मामले पर कार्यवाही करेंगे।
देश में सरकारी बैंकों के करीब 8 लाख कर्मचारी है। जिनकी वेतन बढ़ोतरी का मामला नवंबर 2012 से अटका हुआ है। अंतिम वेतन बढ़ोतरी साल 2007-2012 के लिए कुल वेतन में 17.5 फीसदी बढ़ोतरी के अनुसार हुई थी।
शुक्रवार की बैठक में यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के तहत पांच वक्र्स यूनियन और चार अधिकारी यूनियन ने वित्त मंत्री से मुलाकात में शामिल थे।